मदुरै। तमिलनाडु में शहरी स्थानीय निकाय चुनाव के दौरान शनिवार को मदुरै जिले के मेलूर में एक मतदान केंद्र पर उस समय तनाव व्याप्त हो गया जब बूथ एजेंट ने मतदाता सूची से पहचान के लिए एक मुस्लिम महिला मतदाता से उसका हिजाब हटाने के लिए कहा। प्राप्त जानकारी के मुताबिक मेलूर नगरपालिका के वार्ड क्रमांक आठ में अल-अमीन हाई स्कूल परिसर स्थित मतदान केंद्र पर बड़ी संख्या में हिजाब पहने मुस्लिम महिलाएं अपने मताधिकार का प्रयोग करने के लिए प्रतीक्षारत थीं। 

इसी दौरान भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) बूथ एजेंट गिरिराजन ने मुस्लिम महिला मतदाताओं के चेहरे को हिजाब से ढकने पर आपत्ति जतायी। गिरिराजन ने मतदान अधिकारियों से सवालिया लहजे में कहा, 'हम उनका चेहरा कैसे पहचान सकते हैं। क्या मतदाता सूची की तस्वीर को वोट देने आने वाली महिला मतदाताओं की तस्वीर से मिला सकते हैं।' मतदान अधिकारी समेत द्रमुक और अन्नाद्रमुक तथा अन्य राजनीतिक दलों के बूथ एजेंट भाजपा के बूथ एजेंट की आपत्ति से सहमत नहीं थे। गिरिराजन के साथ मुस्लिम महिलाओं और पुरुषों की तीखी बहस हुई, जिसके कारण स्थिति तनावपूर्ण हो गयी और मतदान आधे घंटे के लिए बाधित हो गया।

बाद में पुलिस ने हस्तक्षेप किया और गिरिराजन को जबरन बूथ से हटा दिया। उनकी जगह भाजपा पार्टी की एक महिला एजेंट ने ले ली। मतदान केंद्र परिसर में तनाव उस समय और बढ़ गया, जब गिरिराजन ने बूथ में प्रवेश करने का प्रयास किया और महिला मतदाताओं को पहचान के लिए अपना हिजाब हटा देने की मांग की। इसी दौरान कुछ लोगों ने कथित रूप से गिरिराजन पर हमला करने का प्रयास किया। इस बीच पुलिस हरकत में आयी और उसे पूछताछ के लिए मेलूर पुलिस स्टेशन ले गयी। पुलिस सूत्रों ने बताया कि मतदान केंद्र पर अतिरिक्त पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है। इस बीच प्रदेश चुनाव आयुक्त वी.पलानीकुमार ने कहा कि मतदाता अपनी पसंद के अनुसार कपड़े पहन सकते हैं और अपने मताधिकार का प्रयोग करने आयी हिजाब वाली महिलाओं पर आपत्ति करने वालों पर कार्रवाई की जायेगी।