असम के होजाई की रहने वाली 19 वर्षीय जेबिन कौसर ने ऐसा कर दियाखा है जो हर कोई नहीं कर पाता है। धैर्य और दृढ़ संकल्प को परिभाषित करती इस लड़की की कहानी प्रेरणादायक है। असम के होजई जिले के मुरझर की रहने वाली जेबिन कौसर ने सभी बाधाओं से लड़ते हुए अपने जज्बे के साथ हर चुनौती का मुकाबला किया है।


इनके 'नेवर से डाई' के जज्बे से बॉलीवुड के सुपरस्टार अक्षय कुमार भी इंप्रेस हो गए हैं। बता दें कि कम उम्र में ही जेबिन ने अपने दोनों हाथों को हिलाने की क्षमता खो दी, लेकिन उसमे लड़ने और आगे बढ़ने का जोश जीवित रहा। उसने अपने जीवन में किसी चमत्कार का इंतजार न करते हुए अपने पैरों से लिखना शुरू कर दिया।


2017 जेबिन और उसके परिवार की किस्मत बदल गई जब फिल्म अभिनेता अक्षय कुमार ने स्थानीय चैनलों पर 10वीं बोर्ड की परीक्षा में अच्छा स्कोर करने की खबर देखी। बता दें कि जेबिन ने एचएसएलसी परीक्षा में अपने पैरों से पत्र लिखे थे।


इस साल अक्षय ने उसकी कहानी को 'शॉर्ट स्टोरीज ऑफ न्यू इंडिया विद अक्षय कुमार' में पेश किया। बता दें कि इस शो को पिरामल फाउंडेशन और वायाकॉम 18 पिक्चर्स ने शुरू किया है। शो में इंटरव्यू के दौरान जेबिन के पिता और भाई उनके साथ थे।


मीडिया से बात करते हुए जेबीन ने कहा, 'अक्षय सर से मिलना खुशी की बात थी, वह एक बेहतरीन होस्ट हैं। हम उनके घर पर दो दिनों तक उनके साथ रहे और उन्होंने मुझे IPS अधिकारी बनने के अपने सपने को आगे बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया। मैं अब अपने लक्ष्य को पाने के लिए काम करने के लिए दृढ़ हूं।' जेबीन वर्तमान में होजई के मरियम अजमल महिला कॉलेज में उच्चतर माध्यमिक की अंतिम वर्ष की छात्रा हैं।


जब उनसे उनके प्रेरणा के बारे में पूछा गया तो उन्होंने तुरंत जवाब दिया, 'मेरे पिता। उन्होंने न तो मुझे कभी बोझ की तरह ट्रीट किया और न ही मुझे शर्म आई। उन्होंने हमेशा मुझे आगे बढ़ने लिए प्रोत्साहित किया। मेरे पिता मेरी प्रेरणा हैं, मेरे हीरो हैं। उन्होंने मुझे अपने सपनों पर विश्वास करना सिखाया।'