धरती (Earth) के बाद इंसान मंगल (Mars) को अपना घर बनाने की पूरी कोशिश कर रहा है। वैज्ञानिकों का मानना है धरती के के बाद मंगल ग्रह ही एक ऐसा ग्रह है जिस पर इंसान रह सकता है। क्योंकि इसका वातावरण धरती के वातावरण से मेल खाता है। भविष्य में मंगल इंसान को घर बन सकता है, जिस पर वैज्ञानिक जीतोड़ मेहनत कर रहे हैं। इसस तैयारी में वैज्ञानिकों को मंगल पर कई अरबों सालों पहले पानी होने के सुराग हाथ लगें।

NASA के मार्स (Mars) रिकोनिसेंस ऑर्बिटर ने जो नई जानकारी दी है, उसके मुताबिक मंगल ग्रह पर करीब 2 अरब साल पहले पानी मौजूद था। पृथ्वी की तरह ही वहां भी पानी का बहाव था, यह एक बेहद ही रोचक जानकारी है। दरअसल, नासा का मार्स रिकोनिसेंस ऑर्बिटर साल 2006 से ही मंगल ग्रह (Mars) के आसपास चक्कर लगा रहा है और समय-समय पर महत्वपूर्ण जानकारियां भी देता आ रहा है। यह ऑर्बिटर कई सालों से लाल ग्रह पर पानी की संभावनाओं की तलाश कर रहा है।

करीब 14 साल पहले नासा के मार्स ओडिसी ऑर्बिटर(Mars Odyssey orbiter) ने मंगल ग्रह पर नमक खनिज मौजूद होने के बारे में पता लगाया था, जिससे वैज्ञानिकों को इस ग्रह पर जीवन के मौजूद होने के नए सबूत हाथ लगे थे। आपको बता दें कि मंगल ग्रह पर इंसानों को बसाने की तैयारियां जोरों-शोरों से चल रही हैं।

ऐसा माना जा रहा है कि अगले 30 से 40 सालों में इंसान इस ग्रह पर भी रहना शुरू कर देगा। हालांकि यह अभी स्पष्ट रूप से नहीं कहा जा सकता। यह सिर्फ एक अनुमान है। वैसे तो वैज्ञानिक पूरी जीजान से इस कोशिश में लगे हुए हैं।