मालदीव के माफुशी द्वीप में पिछले दिनों बिकनी पहनकर घूम रही युवती को गिरफ्तार करने के मामले ने खासा तूल पकड़ा। पहले मालदीव के पुलिस कमिश्नर और फिर संसद के स्पीकर ने स्थानीय पुलिसकर्मियों की गलती मानते हुए सार्वजनिक माफी मांगी। अब इस ब्रिटिश ट्रेवल ब्लॉगर ने उस दिन की पूरी घटना को शेयर किया है।


26 साल की सीसिलिया का कहना है कि मुझे मालदीव में बिकनी पहनने को लेकर पाबंदी के बारे में पता नहीं था। मैं सड़क पर घूम रही थी कि चार से पांच लोगों ने आकर मुझे पकड़ लिया। उनमें से किसी ने भी पुलिस की यूनिफॉर्म नहीं पहन रखी थी। उन्होंने मेरे चेहरे पर कई थप्पड़ मारे, मेरे पेट पर घूंसे और लातें मारी गईं। मुझे लगा मेरा किडनैप किया जा रहा है। मैं लगातार उनको बोलती रही कि यह मेरा यौन उत्पीडऩ है, लेकिन उन्होंने मेरी एक न सुनी और मुझे घसीटते हुए कार में अपने साथ ले गए।


इस पूरी घटना से मैं इतना डर गई कि मुझे कुछ समझ ही नहीं आया कि आखिर मेरे साथ हुआ क्या? मुझे सबके सामने अपमानित किया गया। मुझे लगा अब मैं जिंदा नहीं रह पाऊंगी।


वीडियो हुआ था वायरल
गौरतलब है कि पिछले दिनों एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें कुछ लोग बिकनी पहनकर घूम रही एक युवती को जबरन पकड़कर अपने साथ ले जा रहे हैं। बाद में पता चला कि घटना माफुशी द्वीप की है। और युवती को साथ ले जा रहे लोग पुलिसकर्मी थे। मालदीव के सख्त मुस्लिम शरिया कानून के कारण कुछ निर्धारित समुद्री तटों को छोड़कर बाकी पर बिकनी पहनना गैरकानूनी है। सेसिलिया यहां अपने दोस्त लुकास रामोस के साथ छुट्टियां मनाने आई थी।