टाइट जींस पहन कर गाड़ी चलाने पर शरीर नीला पड़ने के साथ ही सांसे भी रूक सकती हैं। हाल ही में एक ऐस वाकया सामने आया है जो चौंकाने वाला है। यह मामला एक ऑटोमैटिक कार चलाने वाले व्यक्ति के साथ हुआ जो चौंकाने वाला है। यह व्यक्ति टाइट जींस पहनकर ऑटोमैटिक कार में लॉन्ग ड्राइव पर गया था जिसके बाद इसके शरीर में ब्लड स​र्कूलेशन रूक गया और शरीर नीला पड़ गया। इतना ही नहीं बल्कि दूसरे दिन यह व्यक्ति बेहोश होकर गिर गया और सांसे रूक गई जिसके उसें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।

यह घटना सौरभ नाम के व्यक्ति के साथ घटी है। वेस्ट दिल्ली के रहने वाली 30 वघी्रय सौरभ शर्मा अपनी टाइट जींस के कारण पिछले महीने मरते-मरते बचे क्योंकि वो पल्मोनरी एम्बोलिज्म का शिकार हो गए थे। दरअसल दिल्ली से ऋषिकेश और ऋषिकेश से दिल्ली ट्रैवल करने के दौरान सौरभ एक लग्जरी ऑटोमैटिक कार चला रहे थे। कार ऑटोमेटिक थी इसलिए उनके बाएं पैर का इस्तेमाल भी नहीं हो रहा था। लॉन्ग ड्राइव के कारण घंटों तक उनका पैर मुड़ा रहा और टाइट जींस की वजह से पैर में खून सही तरीके से नहीं पहुंच पाया। इस वजह से ड्राइव करते वक्त सौरभ के लेफ्ट पैर में ब्लड क्लॉट (खून का थक्का) बन गया। क्लॉट की वजह से उन्हें दर्द महसूस हुआ लेकिन शराब के नशे में उन्होंने इस दर्द को नजरअंदाज कर कर दिया। यह क्लॉट, खून में ट्रैवल करता हुआ पैरों से होते हुए फेफड़ों तक पहुंच गया जिससे उनके फेफड़ों की आर्टरी में ब्लॉकेज आ गई और उनके हार्ट और ब्रेन ने काम करना बंद कर दिया।

2 दिन बाद सौरभ जब ऑफिस पहुंचे तो उन्हें सांस लेने में तकलीफ हो रही थी इस दौरान वो अचानक बेहोश होकर गिर पड़े। अस्पताल में भर्ती कराने पर डॉक्टरों ने उन्हें तुरंत ब्लड क्लॉट खोलने की दवा दी और फिर 45 मिनट तक सीपीआर दिया, तब जाकर उनकी सांस वापस आई। इस घटना पर डॉक्टरों का कहना है कि इस भयानक पल्मोनरी एम्बोलिज्म की वजह 8 घंटे तक लंबी ड्राइव थी। सौरभ की टांग अकड़ गई थी और उस दौरान हलचल बिल्कुल नहीं हुई। वहीं सौरभ ने टाइट जीन्स पहनी थी, जो खून का थक्का जमने की एक वजह हो सकती है। डॉक्टरों का कहना है कि पल्मोनरी एम्बोलिज्म एक जानलेवा समस्या है और इसके 50 प्रतिशत मामलों में दिल का दौरा पड़ता है।