पश्चिम त्रिपुरा की सांसद प्रतिमा भौमिक की मदद से एक कोविड प्रभावित बंगलादेशी दंपति को यहां के अस्पतालों में एक महीने इलाज के बाद गुरुवार को सकुशल घर वापस भेज दिया गया। सिललेट के सुनामगंज जिले के मुक्तरपुर की संध्या रानी दासचौधरी (36) का चार मई को अपने पति करुणासिंधु चौधरी के साथ चेन्नई से बंगलादेश वापसी के दौरान यहां एमबीबी हवाई अड्डे पर कोविड परीक्षण पॉजिटिव पाया गया था। 

वह मधुमेह और रक्त कैंसर के रोगी हैं, उनका चेन्नई में इलाज चल रहा था, इसके कारण वे यहां कई बार विमान से आते-जाते रहे हैं। करुणासिंधु ने मीडिया से कहा, हम बांग्लादेश के लोग अगरतला से किसी भी भारतीय शहर के लिए उड़ान का विकल्प चुनना पसंद करते हैं क्योंकि किसी भी अंतरराष्ट्रीय उड़ान की अपेक्षा इसका किराया कम पड़ता है। बांग्लादेश के किसी भी हिस्से से अखौरा होते हुए अगरतला हवाई अड्डे तक पहुंचने में अधिकतम तीन से पांच घंटे लगते हैं और पिछले दो वर्षों से मैं अगरतला होते हुए अपने इलाज के लिए चेन्नई की कई बार यात्रा कर चुका हूं, लेकिन इस तरह की गंभीर स्थिति का सामना कभी नहीं करना पड़ा। 

उन्होंने कहा कि कोविड परीक्षण पॉजिटिव आने के बाद उसे अपने पति से अलग कर दिया गया और एक कोविड केयर सेंटर में भेज दिया गया। बीमार करुणासिंधु को बाहर केंद्र में रखा गया था, लेकिन सरकार की ओर से भोजन उपलब्ध कराया गया था, लेकिन पर्याप्त देखभाल और ध्यान नहीं दिए जाने के कारण करुणासिंधु की हालत बिगड़ गई थी और उन्हें एक निजी अस्पताल में ले जाना पड़ा, जहां उनकी कोविड जांच पॉजिटिव आयी। ठीक होने के दो सप्ताह बाद संध्या ने अस्पताल की लॉबी में भी शरण ली जबकि करुणासिंधु पूरी तरह ठीक नहीं थे और इलाज का बिल 12 दिन में आठ लाख रुपए हो गया था। उन्होंने अन्य विकल्प न मिलने पर सांसद प्रतिमा भौमिक की मदद मांगी। उन्होंने तुरंत अस्पताल के अधिकारियों से बातचीत की और करुणासिंधु को अगरतला सरकारी मेडिकल कॉलेज में स्थानांतरित कराया। सांसद के हस्तक्षेप के बाद अस्पताल का बिल आधा किया गया। उन्होंने दम्पति की परेशानी मुक्त वापसी के लिए शीर्ष स्तर पर साथ कदम उठाए।