राज्य से 'साम्यवाद का खात्मा' करने संबंधी टिप्पणी को लेकर त्रिपुरा के मुख्यमंत्री बिल्लब कुमार देब पर निशाना साधते हुए विपक्षी दल माकपा ने कहा कि इतिहास कभी भी 'इस छोटे हिटलर' को माफ नहीं करेगा। 

माकपा ने आरोप लगाया कि 'फासीवादी' नेतृत्व के तहत भाजपा-आईपीएफटी सरकार ने राज्य में 'लोकतंत्र को कुचल' दिया है। पार्टी ने मंगलवार को एक बयान में कहा, 'हम एक फासीवादी की बात सुन रहे हैं। वह संवैधानिक पद पर रहते हुए ऐेसे बयान नहीं दे सकते हैं। इतिहास इस छोटे हिटलर को माफ नहीं करेगा।'

धलाई जिले में भाजपा कार्यकर्ताओं के एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए देब ने हाल ही में कहा था, 'आप सुनिश्चित करें कि 2023 तक त्रिपुरा से साम्यवादी विचार और सोच खत्म हो जाये। यह काम आपको सौंपा गया है और मैं चाहता हूं कि आप इसे पूरा करें।'

बता दें कि त्रिपुरा की 60 सदस्यीय विधानसभा के लिए 2023 में चुनाव होने हैं। माकपा ने राज्य सरकार पर आरोप लगाया कि राज्य सरकार उनके नेताओं और कार्यकताओं की आवाज दबाने के लिए बल प्रयोग कर रही है।