त्रिपुरा के पूर्व मंत्री और इंडिजिनस पीपुल्स फ्रंट ऑफ त्रिपुरा (आईपीएफटी) के मौजूदा विधायक मेवर कुमार जमातिया को राष्ट्रीय राजधानी में पुलिस ने हिरासत में ले लिया। एक छात्रा द्वारा छेड़छाड़ का आरोप लगाए जाने के बाद आदिवासी नेता को हिरासत में लिया गया है। विधायक और लडक़ी दोनों दिल्ली के कौटिल्य मार्ग स्थित त्रिपुरा भवन में ठहरे हुए थे।

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अधिकारियों ने बताया कि आदिवासी समुदाय की छात्रा ने जमातिया के खिलाफ कौटिल्य मार्ग थाने में शिकायत दर्ज कराई है। बाद में पुलिस दोनों को आगे की पूछताछ के लिए थाने ले गई। मार्च 2018 में बीजेपी-इंडिजिनस पीपुल्स फ्रंट ऑफ त्रिपुरा (आईपीएफटी) गठबंधन सरकार के सत्ता में आने के बाद, आईपीएफटी के महासचिव जमातिया और अध्यक्ष नरेंद्र चंद्र देबबर्मा मंत्री बने थे।

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हाल ही में, आंतरिक झगड़े के कारण, जमातिया ने आईपीएफटी के साथ दूरी बनाए रखी और उनकी पत्नी गीता देबबर्मा त्रिपुरा के शाही वंशज, प्रद्योत बिक्रम माणिक्य देब बर्मन के नेतृत्व में टीआईपीआरए (टिपरा स्वदेशी प्रगतिशील क्षेत्रीय गठबंधन) में शामिल हो गईं, जिससे अटकलें लगाई जा रही थीं कि वह (जमातिया) भी टीआईपीआरए पार्टी में शामिल हो सकते हैं। जमातिया को मई में त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा की अध्यक्षता वाली मंत्रालय की परिषद से हटा दिया गया था और इसके बाद प्रेम कुमार रियांग ने आईपीएफटी नॉमिनी के रूप में मंत्रालय का प्रतिनिधित्व किया।