तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने भाजपा के नेतृत्व वाली त्रिपुरा सरकार पर लोगों पर "राज्य प्रायोजित आतंक" फैलाने का आरोप लगाया है। पश्चिम बंगाल में शीर्ष TMC नेताओं ने बिप्लब देब के नेतृत्व वाली त्रिपुरा सरकार पर राज्य में एक प्रमुख राजनीतिक ताकत के रूप में टीएमसी के उदय को रोकने की कोशिश करने का आरोप लगाया है।


TMC के शीर्ष नेता और पश्चिम बंगाल के शिक्षा मंत्री ब्रत्य बसु ने कहा कि “लोग रो रहे हैं और आश्रय और समर्थन की तलाश कर रहे हैं। वे त्रिपुरा में राज्य प्रायोजित आतंक का सामना कर रहे हैं। टीएमसी ने 2023 में होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले राज्य के लोगों का ध्यान और भावनाओं को आकर्षित करने के लिए त्रिपुरा में अपना "खेला होबे" नारा भी लाया है।

TMC नेताओं ने आगे बताया कि पार्टी "खेला होबे दिवस" मनाएगी। TMC नेताओं ने हाल ही में अपने त्रिपुरा दौरे के दौरान पार्टी के महासचिव अभिषेक बनर्जी पर हमले का मुद्दा भी उठाया था।

TMC नेता ब्रत्य बसु ने कहा कि “अगर त्रिपुरा में लोग राज्य में भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार के साथ हैं तो आप क्यों चिंतित हैं? तृणमूल ने पीएम, केंद्रीय गृह मंत्री और कई केंद्रीय मंत्रियों के बार-बार दौरे पर आपत्ति नहीं जताई, जब उन्होंने विधानसभा चुनाव से पहले बंगाल के लिए रास्ता बनाया, ”।