देश में ईंधन की आसमान छूती कीमतों को लेकर त्रिपुरा में वाम मोर्चा ने केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा है। वाम मोर्चा ने केंद्र पर ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी कर कॉरपोरेट घरानों की मदद करने का आरोप लगाया है। त्रिपुरा में वाम मोर्चे के संयोजक बिजन धर ने कहा, "कॉर्पोरेट पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतें बढ़ाकर आम लोगों से पैसे वसूल रहे हैं।"


माकपा के नेतृत्व वाले वाम मोर्चे ने आगे कहा है कि ईंधन की ऊंची कीमतों के कारण अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतें भी तेजी से बढ़ रही हैं। धर ने कहा कि "डीजल की ऊंची कीमत के कारण आवश्यक वस्तुओं की कीमतें भी तेजी से बढ़ रही हैं।" वाम मोर्चा ने यह भी आरोप लगाया कि केंद्र और त्रिपुरा दोनों में सरकार आम लोगों के हित में काम नहीं कर रही है।

कोविड की पहली लहर के दौरान, त्रिपुरा सरकार ने श्रमिकों के बैंक खातों में 1,000 रुपये जमा करने की घोषणा की थी। लेकिन आज तक एक भी पैसा नहीं दिया गया है। सरकार ने वादे के मुताबिक श्रमिकों के वेतन में भी वृद्धि नहीं की है। त्रिपुरा में वाम दल मांग कर रहे हैं कि सरकारी खर्च पर सभी के लिए सार्वभौमिक टीकाकरण, कोविड-19 पीड़ितों के परिवारों को प्रत्येक को 10 लाख रुपये की वित्तीय सहायता, पेट्रोकेमिकल पर उत्पाद शुल्क वापस लिया जाए और राशन पर सब्सिडी वापस न ली जाए।