दीपावली का त्यौहार कुछ दी दिनों बाद आने वाला है। सारा देश अपने घर-कार्यालय की सफाई करने में लगे हैं। इस बार दीपावली हमेशा की तरह नहीं क्योंकि क्योंकि कोरोना काल में सभी त्यौहार अलग तरह से मनाए गए हैं। क्योंकि कोरोना के संक्रमण होने का  डर सभी को सताता है। इसी कड़ी में दीपावली में देश ने पटाखों पर भी बैन लग दिया है। और जगमगाते दीए भी इस बार अलग हो गए हैं। इसी बार दीपावली पर गाय के गोबर से  बने दीयों का उपयोग किया जाएगा।


इस तरह से त्रिपुरा के मुख्यमंत्री बिप्लब कुमार देब ने इको-फ्रेंडली दीया लॉन्च किया। बेरोजगार युवक-युवतियों को नौकरी की तलाश करने वालों के बजाय नौकरी देने के लिए प्रेरित करने के लिए, त्रिपुरा के मुख्यमंत्री देब ने बांस की मोमबत्तियां पेश की है। इस अवसर पर त्रिपुरा के मुख्यमंत्री ने कहा कि बांस उत्पाद निश्चित रूप से राज्य में बेरोजगारी की समस्याओं को कम करने में मदद करेंगे। देब ने बताया कि सिपाहीजाला के कारीगरों ने पर्यावरण के अनुकूल बांस के दीये बनाए।


बिप्लब देब में लोगों से अपील की है कि इन दीयों को इस दिवाली अपने घर पर रखें और पीएम नरेंद्र मोदीजी की एक आत्म निर्भय भारत की दृष्टि को पूरा करने में मदद करें। यही समय है जहां पारंपरिक वस्तुओं के लिए समर्थन दिखाएं। केंद्रीय मंत्री देब ने सचिवालय में स्थानीय रूप से निर्मित पर्यावरण के अनुकूल दीयों का शुभारंभ किया। इसके अलावा, महिलाओं के स्वयं सहायता समूहों ने उन्हें उत्पादों को दिखाया। उन्होंने बांस की मोमबत्तियां भी लॉन्च की। जिससे की इससे मजबूत रोजगार को बढ़ावा मिलेगा।