कोरोना को खत्म करने के लिए कई तरह की दवाओं का शोध करके देखा जा रहा है। कहीं तो मलेरियारोधी दवा का इस्तेमाल कोरोना इलाज के लिए किया जा रहा है। इसी तरह से कोरोना के इलाज के लिए दवा कंपनी सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया कंपनी मई-जून में एक वैक्सीन का क्लीनिकल ट्रायल और उत्पादन एक साथ शुरू कर सकती है। बता दें कि वैक्सीन का निर्माण पुणे स्थित प्लांट से शुरू कर सकती है।

सूत्रों के मुताबिक देश की मौजूदा स्थिति को देखते हुए बिना ट्रायल उत्पादन का जोखिम लिया जा रहा है। ट्रायल सफल रहा तो दवा सितंबर-अक्टूबर के बीच में उपलब्ध करा दी जाएगी। जानकारी मिली है कि वैक्सीन को कंपनी ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी के साथ मिलकर बनाएगी। वैसे भी कोरोना को खत्म करने के लिए दवा कंपनी सीरम दुनियाभर में सबसे अधिक टीके और उसके डोज बनाने के लिए जानी जाती है।
दवा कंपनी के सीईओ अदार पूनावाला ने बताया कि मई से वैक्सीन की भारत में ट्रायल शुरू कर दिया जाएगा और भारत में इसकी कीमत एक हजार रुपए तक हो सकती है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि कोरोना के कारण आर्थिक मंदी में कंपनियां कैसे अपने व्यापार को लॉकडाउन खुलने तक रिकवर कर सकती है।