केरल में कोरोना वायरस के ओमिक्रॉन वेरिएंट के कारण बीते 24 घंटों के दौरान ऑक्सीजन बेड की मांग में 20 फीसदी और आईसीयू बेड की मांग में 15 फीसदी की वृद्धि हो गई है. राज्‍य में मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी है, जबकि अस्‍पतालों में भर्ती होने वाले मरीजों में सबसे अधिक बुजुर्ग हैं. केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने तिरुवनंतपुरम में मीडिया से बात करते हुए आम लोगों को महामारी के “सुपर-स्प्रेड” के खिलाफ आगाह किया है.

केरल की स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि वायरस के डेल्टा और ओमिक्रॉन दोनों प्रकार के वेरिएंट राज्य में सक्रिय हैं. इन दोनों के कारण कोरोना केस तेजी से बढ़ें हैं. पहली और दूसरी लहरों के विपरीत, तीसरी लहर में बीमारी बहुत तेजी से शुरुआती दौर में ही फैल रही है. वहीं लोक स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि वरिष्ठ नागरिक और कॉमरेडिडिटी वाले लोग इस बार सबसे कमजोर हैं.

उन्होंने कहा कि मात्र 24 घंटे के अंदर ही अस्पताल में भर्ती, आईसीयू बेड और ऑक्सीजन बेड की मांग बढ़ गई है. इसे बहुत गंभीरता से लेना होगा. केरल में कोविड-19 संक्रमण में लगातार वृद्धि देखी जा रही है. राज्य में बुधवार को 34,199 नए सकारात्मक मामले दर्ज किए, जिससे संक्रमण की संख्या 54,41,511 हो गई है. राज्य में मंगलवार को 28,481 मामले सामने आए थे.

राज्य के स्वास्थ्य विभाग ने कहा कि राज्य ने पिछले 24 घंटों में 91,983 नमूनों का परीक्षण किया और 1.68 लाख सक्रिय कोविड-19 मामले हैं. बुधवार को केरल में 134 मौतें दर्ज की गईं, जिससे मरने वालों की संख्या 51,160 हो गई.