धर्मसंसद में महात्मा गांधी का अपमान (Insulted Mahatma Gandhi) करने और गोडसे को नमन करने वाले कालीचरण महाराज (Kalicharan Maharaj) को रायपुर पुलिस ने शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने सुनवाई के बाद कालीचरण महाराज की जमानत याचिका खारिज कर दी है। इसके साथ ही कोर्ट ने कालीचरण को 13 जनवरी तक न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। यानि कालीचरण को अब 13 जनवरी तक जेल में ही रहना होगा।

रायपुर पुलिस ने कालीचरण महाराज को खजुराहो से गिरफ्तार करने के बाद गुरुवार को कोर्ट में पेश किया। इसके बाद कोर्ट ने कालीचरण महाराज को दो दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया। लेकिन पुलिस पुलिस ने रिमांड से पहले ही कालीचरण महाराज को आज कोर्ट में पेश किया। पुलिस का कहना है कि कालीचरण से पूरे मामले में पूछताछ पूरी होने के बाद आज कोर्ट में पेश किया गया।

बड़ी संख्या में समर्थक पहुंचे कोर्ट, की नारेबाजी

कालीचरण महाराज को आज कोर्ट पेश करने ही जानकारी होते ही बड़ी संख्या में समर्थक कोर्ट परिसर में पहुंच गए। इसके अलावा वकीलों की टीम भी पहुंच गई थी। माहौल की गंभीरता को देखते हुए पुलिस बल भी लगाया गया था। दूसरी ओर हिंदुवादी संगठनों ने टिकरापारा थाने में जमकर प्रदर्शन किया और कांग्रेस के खिलाफ नारेबाजी की। गिरफ्तारी का विरोध करते रहे। कोर्ट में भी जमकर नारेबाजी की गई।

धर्मसंसद में महात्मा गांधी को लेकर अपमानजनक टिप्पणी करने वाले कालीचरण महाराज को रायपुर पुलिस ने चार दिन बाद तड़के 4 बजे खजुराहो से लगे गढ़ा ग्राम से गिरफ्तार किया। इसके बाद कालीचरण महाराज को पुलिस देर शाम लेकर रायपुर पहुंची। देर शाम उन्हें कोर्ट में पेश किया गया। जहां कोर्ट ने कालीचरण महाराज को दो दिन की पुलिस रिमांड में भेज दिया था।

कालीचरण ने रविवार को टिकरापारा इलाके के रावणभाठा में आयोजित धर्मसंसद में अपने विचार रखते समय गांधी के बारे में अभद्र टिप्पणी की। इसके अलावा अन्य वर्गों को लेकर भी प्रतिकूल बातें कहीं थी। इसके बाद वे फरार हो गए थे। इसके बाद देर रात नाराज प्रदेश कांगेस अध्यक्ष मोहन मरकाम और नगर निगम सभापति प्रमोद दुबे ने उनके खिलाफ टिकरापारा थाने में अपराध दर्ज कराया था।