दुनिया भर में ओमिक्रॉन की रफ्तार तेजी से बढ़ रही हैं. इस वैरिएंट की चपेट में आ रहे मरीज कई तरह के लक्षण रिपोर्ट कर रहे हैं. डॉक्टरों के मुताबिक, कोरोना के प्रमुख लक्षणों के अलावा ऐसे भी कुछ लक्षण हैं, जिनके आने पर तुरंत कोविड टेस्ट करवा लेना चाहिए. 

अमेरिका के सेंटर्स फॉर डिसीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (सीडीसी) ने हाल ही में चेतावनी दी है कि त्वचा, नाखून और होंठ के रंग में बदलाव होना ओमिक्रॉन के लक्षण हैं. हेल्थ एजेंसी के अनुसार, ऐसा होने पर कोरोना की जांच तुरंत करवानी चाहिए.

ओमिक्रॉन के इन लक्षणों से रहें सतर्क

सीडीसी के मुताबिक, ओमिक्रॉन से संक्रमित व्यक्तियों में कई तरह के लक्षण देखने को मिल रहे हैं. वायरस का एक नया लक्षण है त्वचा, नाखून या होंठ का रंग बदल जाना. सीडीसी ने चेतावनी दी है कि त्वचा, नाखूनों और होंठ का पीला, ग्रे या नीला होना खून में ऑक्सीजन की कमी को दर्शाता है. चूंकि कोरोना होने पर खून में ऑक्सीजन की कमी हो जाती है, ऐसे में ये लक्षण होने पर जांच करवाना बेहद जरूरी है. इन वॉर्निंग साइंस के साथ ही सांस लेने में दिक्कत, शरीर में दर्द, सीने पर दबाव, कंफ्यूजन और लगातार नींद आना भी ओमिक्रॉन के लक्षण हो सकते हैं.

ओमिक्रॉन के प्रमुख लक्षण

सीडीसी की माने तो शरीर में वायरस की एंट्री होने के 2 से 14 दिनों बाद लक्षणों का अनुभव होता है. ये माइल्ड से लेकर गंभीर हो सकते हैं. सर्दी, खांसी, गले में खराश और खुजली, बुखार, सांस लेने में दिक्कत, हरारत, मांसपेशियों में दर्द, सिर दर्द, गंध और स्वाद न आना कोरोना के प्रमुख लक्षणों में शामिल हैं.

ब्रिटेन के जेडओई कोविड स्टडी ऐप के अनुसार, कब्ज, डायरिया, ब्रेन फॉग, सोते वक्त पसीना आना, आंखों में सूजन और त्वचा के किसी भी हिस्से पर रैश होना भी ओमिक्रॉन के लक्षण हैं.