भारत में ई-कॉमर्स सेक्टर तेजी से बढ़ रहा है। अमेजन, फ्लिपकार्ट, ग्रोफर्स और बिग बास्केट जैसी बड़ी कंपनियों में काम करने का सपना तो हर कोई देखता है लेकिन उन्हें मौका नहीं मिल पाता। लेकिन अब आपको चिंता करने की जरूरत नहीं है क्योंकि इन कंपनियों में 51000 से भी ज्यादा हायरिंग हो रही है।


इन कंपनियों को बिक्री बढ़ाने के लिए तो आसानी से लोग मिल जाते हैं लेकिन सामान को सही समय पर लोगों तक पहुंचाने में ये कई बार नाकाम हो जाती हैं। कंपनियों में डिलिवरी मैन की किल्लत है और ये आपके लिए किसी सुनहरे मौके से कम नहीं है।


स्विगी, ग्रोफर्स, मिल्कबास्केट और शैडोफॉक्स जैसी कंपनियां मौजूदा वित्त वर्ष में डिलिवरी टीमों की संख्या को दोगुनी करने जा रही हैं। वहीं अमेजन और बिगबास्केट जैसी बड़ी कंपनियों की भी डिलिवरी सिस्टम को बढ़ाने की योजना है।


खास बात ये है कि ये कंपनियां मेट्रो शहरों के अलावा टियर 2 और टियर 3 शहरों तक भी अपनी पहुंच बनाने में लगी हैं। ऐसे में कंपनियां अपनी विस्तार योजना के तहत कुल कैपिटल का एक बड़ा हिस्सा डिलिवरी फ्लीट का साइज बढ़ाने में खर्च करना चाह रही हैं।


ये कंपनियां बड़े लेवल में डिलिवरी मैन की हायरिंग पर जोर दे रही हैं। अगर आप इन कंपनियों में काम करना चाहते हैं तो आपके लिए सबसे अच्छी बात ये होगी कि इन कंपनियों को आसानी से फंडिंग मिल जाती है और छोटी ई-कॉमर्स कंपनियों का भी प्रदर्शन अच्छा है। इसलिए इन कंपनियों के साथ जुड़ना आपके लिए लाभदायक साबित हो सकता है।