सूर्योदय जहां सुबह के होने की सूचना देता है, वहीं सूर्यास्त दिन के अंत होने का संकेत देता है। यह हम जैसे लोगों के लिए सामान्य बात है लेकिन विश्व में कई जगहें ऐसी हैं, जहां लंबे समय तक न तो सूर्योदय होता है, न ही सूर्यास्त। ऐसे में इन लोगों की जीवनशैली हम लोगों से बहुत अलग होती है क्योंकि जब सूर्यास्त रहता होगा तब तो इन लोगों के लिए कोई भी काम करना लगभग असंभव सा होता होगा और सूर्योदय के दिनों में इन जगहों पर लंबे समय तक अंधेरा नहीं होता होगा। 

आइसलैंड

यहां सूर्य पूरी तरह से डूबता नहीं और पूरी रात क्षितिज पर रहता है। यहां मई की शुरुआत से जुलाई तक सूर्य क्षितिज रेखा पर रहता है। देश के हर क्षेत्र से आधी रात को सूर्य देखा जा सकता है। इसके पीछे का कारण आइसलैंड का आर्कटिक सर्कल के नजदीक होना है। यहां के लोगों के लिए यह सामान्य है लेकिन बाहरी लोगों को यह बहुत आश्चर्यचकित करता है क्योंकि रात में सूर्य की खूबसूरती को देख पाना एक अलग ही अनुभव है।

स्वीडन

जून से लेकर जुलाई के मध्य तक स्वीडन के बड़े भाग में सूर्य डूबता नहीं। यहां के जोकमोक नामक शहर में 32 दिनों तक और अबिस्को शहर में क़रीब 56 दिनों तक रात नहीं होती। जब रात नहीं होती तो अंधेरा भी नहीं होता है। ऐसे में ये लोग इन दिनों जमकर काम करते हैं। अबिस्को ध्रुवीय ज्योति (नाॅदर्न लाइट्स) के लिए भी यह शहर प्रसिद्ध है इसलिए अधिकांश लोग इस शहर के प्रति आकर्षित रहते हैं। 

फिनलैंड 

गर्मी के मौसम में यहां के कई क्षेत्रों में लगातार 73 घंटे तक सूरज की रोशनी रहती है। यहां मई से अगस्त तक सूर्य की रोशनी बनी रहती है। इस दौरान यहां कई आयोजन होते हैं जिसमें जून माह में होने वाला मिडनाइट सन फिल्म फेस्टिवल और जुटाजैसेट नामक स्थानीय त्योहार मनाया जाता है। मिडनाइट सन फिल्म फेस्टिवल को देखने लोग बहुत दूर-दूर से आते हैं क्योंकि इस फेस्ट का अलग ही मजा है।

कनाडा

यहां के इनुविक नामक शहर में करीब 56 दिनों तक दिन के 24 घंटे रोशनी रहती है। इसके उत्तर पूर्वी क्षेत्र के कई राज्यों में मई से जुलाई अंत तक सूर्यास्त नहीं होता। लगभग वर्ष भर बर्फ से ढंके रहने वाला कनाडा क्षेत्रफल की दृष्टि से विश्व का दूसरा सबसे बड़ा राष्ट्र है। यहां ठंड भी बहुत अधिक रहती है। यहां के मौसम के कारण हर किसी के लिए इस जगह पर रह पाना इतना आसान नहीं है।