त्रिपुरा की बिपाशा ने सच किए सपने, मुट्ठी में कर लिया आसमान

Daily news network Posted: 2019-08-13 22:01:42 IST Updated: 2019-08-13 22:01:42 IST
त्रिपुरा की बिपाशा ने सच किए सपने, मुट्ठी में कर लिया आसमान
  • त्रिपुरा की पहली महिला एयर ट्रेफिक कंट्रोलर बनी है बिपाशा।

अगरतला

त्रिपुरा के एक छोटे से गांव की लड़की बिपाशा ने बचपन में एक टीवी कार्यक्रम देखकर अपना एक सपना देखा था जिसें अब उसने सच भी कर दिखाया। बिपाशा राज्य पहली महिला एयर ट्रेफिक कंट्रोलर हैं। एयर ट्रैफिक कंट्रोलर बनने की उनकी यह महत्वाकांक्षा 10 साल की उम्र में शुरू हुई जो अब पूरी हुई है। 

 

बचपन में बिपाशा अपने पिता के साथ टेलीविजन पर नेट जियो डॉक्यूमेंट्री श्रृंखला एयर क्रैश इनवेस्टीगेशन देखती थी। अगरतला से 50 किलोमीटर दूर रंगमुरा गांव की रहने वाली इस लड़की ने अब ऐसा ही पेशा अपना लिया है। इसके लिए उनके पिता ने उनको त्रिपुरा के सबसे अच्छे स्कूलों में भर्ती कराया। इसके बाद उन्होंने महाराष्ट्र के कोंकण ज्ञानपीठ कॉलेज ऑफ़ इंजीनियरिंग से स्नातक की पढ़ाई पूरी की।

 

बिपाशा ने 2017 में अपने दूसरे प्रयास में एटीसी की परीक्षा में की और वो मुंबई के छत्रपति शिवाजी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर एक सहायक एयर ट्रैफिक कंट्रोलर या अल्फा कंट्रोलर के रूप में शामिल हुईं और वहां उन्होंने सात महीने तक सेवा की।

 

बिपाशा के पिता को जून 2018 में मस्तिष्क आघात हुआ और परिवार को संकट का सामना करना पड़ा क्योंकि परिवार में एकमात्र कमाने वाले वो थे। ऐसे में दिल्ली विश्वविद्यालय में अंग्रेजी में स्नातक की पढ़ाई पूरी करने के बाद बिपाशा की छोटी बहन रिमी को भी पढ़ाई छोड़नी पड़ी। इसके बाद परिवार की सबसे बड़ी संतान होने के कारण बिपाशा ने त्रिपुरा में शिफ्ट होने का फैसला किया। उसकी दिनचर्या सुबह साढ़े सात बजे ड्यूटी में शामिल होने और शाम को 8:15 बजे तक काम करने की होती है। घर वापस आने पर, वह परिवार की दैनिक जरूरतों को भी पूरा करती हैं।