यहां अपने भगवान को प्रसन्न करने के लिए अंगारों पर चलते हैं भक्त

Daily news network Posted: 2018-06-07 18:52:24 IST Updated: 2018-10-23 14:34:01 IST
यहां अपने भगवान को प्रसन्न करने के लिए अंगारों पर चलते हैं भक्त
  • कामरूप(ग्रमीण) जिलांतर्गत बोको के पास केंदुगुड़ी गांव में राभा समुदाय का धार्मिक त्योहार बाइखो धूमधाम के साथ मनाया गया।

बोको।

कामरूप(ग्रमीण) जिलांतर्गत बोको के पास केंदुगुड़ी गांव में राभा समुदाय का धार्मिक त्योहार बाइखो धूमधाम के साथ मनाया गया। यह त्योहार हर साल असम के कामरूप और ग्वालापाड़ा जिले के राभा जनजातीय ग्रामीणों द्वारा मनाया जाता है। इस मौके पर पारंपरिक राभा नृत्य प्रतियोगिता, लावा ताना(रस्साकसी) प्रतियोगिता भी हुई।

 


 इस त्योहार के रस्मों के अनुसार राभा समुदाय के पुजारी जलती लकड़ी से निकलती आग और कोयले के अंगार पर नंगे पैर चलते हैं। यह त्योहार समुदार के कल्याण और अच्छी फसल के लिए मनाया जाता है।


 बाइखो एक धार्मिक त्योहार है, जिसमें जानवरों और कृषि को बचाने के लिए समुदाय के लोग अपनी आराध्य देवी से प्रार्थना करते हैं। इससे पहले उनके पूर्वज सख्त रीति-रिवाजों के साथ इस उत्सव को मनाते थे।


 लेकिन बीच में इस रीति रिवाज को छोड़ दिया गया था, क्योंकि समुदाय के लोग दूसरे व्यवसाय पर आश्रित हो गए। अब उन्हें महसूस हो रहा है कि कृषि के बिना राभा जीवित नहीं रह सकते। इसीलिए नियमित रूप से हर साल बाइखो की पूजा करते हैं, जिसे बाइखो त्योहार के नाम से जाना जाता है।