एक टूटे हुए तारे के टकराने से बनी थी नमक की यह झील, Tourist काे करती है आकर्षित

Daily news network Posted: 2019-01-03 14:16:17 IST Updated: 2019-01-08 17:06:13 IST
  • यूं तो भारत की खूबसूरती शब्दों में बयान नहीं की जा सकती, क्योंकि ये अनंत है। इसका कोई तोल नहीं, तभी तो कहते हैं इसे, 'अतुल्य भारत'।

नई दिल्ली।

यूं तो भारत की खूबसूरती शब्दों में बयान नहीं की जा सकती, क्योंकि ये अनंत है। इसका कोई तोल नहीं, तभी तो कहते हैं इसे, 'अतुल्य भारत'। सभी धर्मों को मानने वाले इस धर्मनिरपेक्ष देश की आपको बहुत सी चीजें पता होंगी तो बहुत सी चीजों से आज भी आप अनजान होंगे। जैसे भारत की नमक की झील, भारत में कुल छह नमक की झीलें हैं। ये झीलें हैं - राजस्थान की सांभर झील, महाराष्ट्र की लोनार झील, ओडिशा की चिल्का झील, तमिलनाडु की पुलीकट झील, लद्दाख की पैंगोंग झील, राजस्थान की पचपदरा झील। इन सभी झीलों में नमक पाया जाता है और इसी कारण ये पर्यटकों का ध्यान अपनी ओर आकर्षित करने में बहुत सफल रहती हैं।


 लोनार झील

 लोनार झील, इसे लोनार क्रेटर भी कहते हैं। क्रेटर का अर्थ है, गड्ढा। अब आप सोच रहे होंगे कि एक झील, गड्ढा कैसे हो सकती है, तो आपको बता दें कि ऐसा कहा जाता है कि ये झील कोई प्राकृतिक तरीके से बनी झील नहीं, बल्कि सदियों पहले एक उल्का पिंड के गिरने से इसका निर्माण हुआ। लोनार झील महाराष्ट्र के लोनार शहर में स्थित है और ये समुद्र तल से 1,200 मीटर ऊँची सतह पर लगभग 100 मीटर के घेरे में फैली हुई है। लोनार झील में खारा पानी 5 से 8 मीटर तक भरा हुआ है। साल 2006 में लोनार झील में एक बेहद अजीब और चौंका देने वाली बात हुई। लोनार झील का सारा पानी भाप बनकर उड़ गया। किसी को समझ नहीं आया ऐसा होने के पीछे का कारण। इतना ही नहीं, गांव वालों का दावा था कि उन्होंने झील में पानी की जगह नमक और अन्य खनिजों को चमकते देखा था।

 


एेतिहासिक महत्व भी है इस लोनार लेक का

 यह लेक कितनी पुरानी है इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसका उल्लेख स्कंद पुराण, पद्म पुराण और ऐन-ई-अकबरी में भी है। लेकिन इसकी पहचान 1823 में मिली जब ब्रिटिश अफसर जे. ई अलेक्सएंडर यहां पहुंचे। लोनार लेक के पास कई प्राचीन मंदिरों के भी अवशेष मौजूद हैं।

 


 कैसे पहुंचे

 लोनार लेक से सबसे नजदीकी औरंगाबाद एयरपोर्ट है। यहां से इसकी दूरी 157 किमी है। आपको एयरपोर्ट से लोनार लेक तक कैब से पहुंच सकते हैं।


लोनार से सबसे नजदीकी रेलवे स्टेशन जालना में है, जो यहां से 90 किमी की दूरी पर है। आप लेक जाने के लिए बस या कैब ले सकते हैं।


औरंगाबाद और बुलढ़ाणा से आपको लोनार लेक के लिए आसानी से स्टेट और प्राइवेट बसेस मिल जाएंगी। इसके अलावा आप कैब भी ले सकते हैं।