और भी युवक हिजबुल मुजाहिदीन के लिए कर रहे हैं काम!

Daily news network Posted: 2018-04-11 11:42:24 IST Updated: 2018-06-26 14:38:47 IST
और भी युवक हिजबुल मुजाहिदीन के लिए कर रहे हैं काम!
  • नगांव जिले के जमुनामुख के एक युवक की प्रतिबंधित संगठन हिजबुल मुजाहिदीन के कैडर के रुप में गिरफ्तारी आज भी पूरे शहर में चर्चा का विषय बनी हुई है ।

नगांव

नगांव जिले के जमुनामुख के एक युवक की प्रतिबंधित संगठन हिजबुल मुजाहिदीन के कैडर के रुप में गिरफ्तारी आज भी पूरे शहर में चर्चा का विषय बनी हुई है । सबसे अधिक चर्चा इस प्रतिबंधित संगठन के पैर नगांव जिले तक पहुंच जाने को लेकर हो रही है । लोग इस बात को लेकर चिंतित भी दिख रहे हैं।






लोगों की राय में अगर जमुनामुख से गिरफ्तार कमरुज जमात के तार वास्तव में हिजबुल मुजाहिदीन से जुड़े हुए हैं, तो यह वाकई चिंता की बात है । इस युवक के परिजन जहां  उसके मुख्य धारा से भटकाव को लेकर परेशान हैं वहीं दूसरी और लोग जमुनामुख में आम सुरक्षा के मुद्दे पर चिंतित दिख रहे हैं । 





कुछ लोग तो यह भी कह रहे है कि अगर कमरुज जमान के जेयूडी से जुड़ जाने की खबर सच निकली तो संगठन  के और कमोबेश पांच-छह कैडरों के तार जमुनामुख  से जुड़े होने की प्रबल आशंका उत्पन्न होती है । इन आशंकाओं के सच होने पर जमुनामुख में सुरक्षा एजेसियों के लिए बड़ी चुनौती खड़ी होने को आशंका से भी कोई इनकार नहीं कर सकता ।

 





जहां तक सवाल गिरफ्तार युवक कमरुज का है, तो उसकी मां ताहेरा खान (खातुन) एक विधवा औरत है, जिसके पति साइदुल हुसैन की मौत काफी  दिनों पहले हो गई । कमरुज जमुनामुख कॉलेज में अंग्रेजी में एमए कर रहा था, तभी वह 2009 में काम की तलाश में अमरीका चला गया । उसके पांच भाई है ।








अमरीका में करीब 4 साल बिताने के बाद वह पुन: 2013 में लौट आया। जमुनामुख में एक साल रहने के बाद वह कश्मीर घाटी की और चला क्या। उसके मुताबिक वह वहां कपड़े का व्यवसाय करता था । कश्मीर के किस्टवर  चिन को गली में एक कपड़े की दुकान खोलने की बात कही । वहीं वह अपनी पत्नी और तीन वर्षीय पुत्र के साथ रहता था । पर गत वर्ष 2017 के अप्रैल में अपनी पत्नी और बच्चे को जमुनामुख अपने गांव  में छोड़कर पुन: जम्मू कश्मीर लौटा गया और करीब दो माह परिवार के साथ संपर्क में था ।  पिछले 10 महीने से उसका संबंध परिवार से नहीं था , जिसके बाद उसके परिवार ने  लापता का एक मामला दर्ज करवाया। 




अचानक जब सोशल मीडिया पर कमरुज  की फोटो वायरल हुई तो सबकी आंखे फटी रह गई । इस बीच यह भी कहा जा रहा है कि वह बांग्लादेश का भी चवकर लगा चुका था । सनद रहे कि हिजबुल मुजाहिदिन का  गठन कश्मीर घाटी में 1989 में हुआ, जिसका मुख्य उद्देश्य घाटी को  रक्त रंजित कर आतंक फैलाकर कश्मीर को पाकिस्तान के साथ या फिर भारत से अलग एक स्वतंत्र राष्ट्र बनाना है। 




ऐसे संगठन में नगांव जिले के ज़मुनामुख के एक युवक का कथित रुप से शामिल होना एक बहुत बड़े खतरे की घंटी है। जिहाद के नाम पर भोले भाले शिक्षित युवकों के दिमाग में ऐसे नापाक संगठन जहर भर देते है जिससे वे दिग्भ्रमित हो जाते है । खुफिया विभाग एवं पुलिस मामले की  गंभीरता से जांच कर रही है तथा कश्मीर पुलिस के साथ भी संपर्क साधने की  बात चर्चा में है । जमुनामुख में कमरुज  के घर कल से ही लोगों की भीड़ लगी है । उसकी मां ने मीडिया को कहा कि अगर मेरा बेटा देशद्रोही बन गया है तो उसे मार डाला जाए वह उसका चेहरा भी देखना नही चाहती ।