2017 में मुस्लिम युवक के साथ भागी थी हिंदू लड़की, तब से हो रही है हिंसा

Daily news network Posted: 2018-04-13 17:53:41 IST Updated: 2018-04-13 18:40:04 IST
2017 में मुस्लिम युवक के साथ भागी थी हिंदू लड़की, तब से हो रही है हिंसा
  • असम के सिलचर कस्बे में रह रह कर सांप्रदायिक हिंसा हो रही है। दो समुदायों के बीच संघर्ष पिछले साल जून में उस वक्त शुरु हुआ था जब एक हिंदू लड़की मुस्लिम युवक के साथ भाग गई थी।

गुवाहाटी।

असम के सिलचर कस्बे में रह रह कर सांप्रदायिक हिंसा हो रही है। दो समुदायों के बीच संघर्ष पिछले साल जून में उस वक्त शुरु हुआ था जब एक हिंदू लड़की मुस्लिम युवक के साथ भाग गई थी। गुरुवार को सिलचर में समुदाय विशेष के लोगों ने पुलिस पर हमला बोल दिया। पुलिस के साथ हुए संघर्ष में 6 लोग घायल हो गए। इनमें तीन पुलिस कर्मी भी शामिल हैं। रविवार के बाद से हिंसा की यह तीसरी वारदात है। हिंसा के बाद सिलचर के कुछ इलाकों में निषेधाज्ञा लागू कर दी गई थी।




 सिलचर दक्षिणी असम के कछार जिले में पड़ता है। पुलिस हिंसक वारदातें बढऩे की वजह का पता लगाने की कोशिश कर रही है। पुलिस ने 15 लोगों को हिरासत में लिया है जिन्हें गिरफ्तार किया जा सकता है। कछार के एएसपी राकेश रेड्डी ने बताया कि पुलिस को कलिबार चार इलाके के आसपास सांप्रदायिक स्थिति के बारे में जानकारी मिली थी। कलिबार चार इलाका गत रविवार से उबल रहा था। समुदाय विशेष के 200 लोगों की भीड़ ने पुलिस पर हमला किया। 




उनके हाथ में हथियार, पत्थर और लोहे की रॉडें थी। जब अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया गया तो भीड़ का पुलिस से संघर्ष हो गया। हमें उग्र भीड़ को खदेडऩे के लिए लाठीचार्ज करना पड़ा। आंसू गैस के गोले भी दागे गए। 3-4 पुलिस वाले घायल हुए हैं। इनमें से एक के हाथ में फ्रैक्चर हो गया है। संघर्ष में इलाके के तीन-चार लोग भी घायल हुए हैं। कलिबार चार व शहर के आसपास के इलाके में धारा 144 लगा दी गई है। पुलिस और सीआरपीएफ ने गश्त बढ़ा दी है। रेड्डी ने कहा कि पुलिस बीती रात भड़के संघर्ष के बारे में अभी भी क्लियर नहीं है। बकौल रेड्डी, शायद पत्थर बरसाने के कारण हुआ हो या रविवार रात की घटनाओं के खिलाफ उबाल मार रहे गुस्से के चलते भी हो सकता है। आपको बता दें कि रविवार को दो समुदायों के बीच जमकर पथराव हुआ था।




 रिपोर्टों के मुताबिक रविवार रात हुए पथराव में घायल होने वालों में ज्यादातर अल्पसंख्यक समुदाय के हैं। एक अन्य पुलिस अधिकारी ने बताया कि गुरुवार को  किसी के मस्जिद की दीवार पर पेशाब करने की अफवाह फैली। साथ ही मस्जिद में तोडफ़ोड़ की भी अफवाह फैलाई गई। शायद इन अफवाहों के कारण हिंसा भड़की हो। गुरुवार को कछार पुलिस ने स्थानीय लोगों को सोशल मीडिया पर गलत खबरें और अवांछित संदेश व तस्वीरें पोस्ट नहीं करने को कहा। 




कछार पुलिस ने अपने फेसबुक पेज पर लिखा, अगर कोई इस तरह की चीजें करते हुए पाया गया तो उसके खिलाफ कानून के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी। पिछले सप्ताह रविवार को सांप्रदायिक संघर्ष में दोनों समूहों ने एक दूसरे पर पथराव किया। सोमवार रात एक ऑटो रिक्शा को आग के हवाले कर दिया गया। पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया, इनमें दो बजरंग दल से जुड़े हुए हैं। इनकी पहचान रजत नाथ और राहुल नाथ के रूप में हुई है। दोनों को ऑटो रिक्शा को आग लगाने के आरोप में पकड़ा गया।