मिजोरम, मणिपुर और नागालैंड के स्वच्छाग्रही पटना में दे रहे हैं स्वच्छता का संदेश

Daily news network Posted: 2018-04-04 10:11:14 IST Updated: 2018-04-04 11:02:54 IST
मिजोरम, मणिपुर और नागालैंड के स्वच्छाग्रही पटना में दे रहे हैं स्वच्छता का संदेश
  • ये स्वच्छाग्रही पंचायत, प्रखंड और गांवों में घूम-घूम कर स्थानीय लोगों को प्रेरित कर रहे हैं।

मिजोरम, मणिपुर, नागालैंड सहित कुल 13 राज्यों के 17 शहरों से आए 222 स्वच्छाग्रही पटना जिले की पंचायतों और गांवों को खुले में शौच से मुक्त करने और हर घर में शौचालय बनवाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। ये स्वच्छाग्रही पंचायत, प्रखंड और गांवों में घूम-घूम कर स्थानीय लोगों को प्रेरित कर रहे हैं। ये दल शिक्षकों और बच्चों को ग्रामसभा में स्वच्छता का संदेश दे रहा है, साथ ही स्वच्छता समिति के सदस्यों के साथ बैठक कर रणनीति बना रहे हैं। सत्याग्रह से स्वच्छाग्रह अभियान एक उत्सव के रंग में रंग गया है।



 

डीएम कुमार रवि ने बताया कि 2 से 10 अप्रैल तक चलने वाले इस अभियान में 50,600 शौचालयों के निर्माण का लक्ष्य रखा गया है। स्वच्छाग्रहियों ने जिद करो अभियान के तहत बच्चों को अपने माता-पिता से शौचालय बनाने के लिए प्रेरित करने को कहा। अभियान के तहत स्वच्छाग्रहियों नेे जिले की स्वच्छता स्थिति पर जानकारी एकत्रित की। इस विशेष अभियान के वरीय प्रभार में डीडीसी आदित्य प्रकाश हैं। उन्होंने बताया कि 600 स्वच्छाग्रही पटना जिले के प्रखंडों में लोगों को प्रेरित कर रहे हैं। इसमें बिहार से बाहर के 222 स्वच्छाग्रही हैं।



 

दूसरे राज्यों से आए स्वच्छाग्रहियों को अलग-अलग प्रखंडों में भेजा गया है। नगालैंड के आठ स्वच्छाग्रहियों को बख्तियारपुर, केरल के 10 स्वच्छाग्रहियों को दानापुर,ए गुजरात के 17 स्वच्छाग्रहियों को धनरूआ, मिजोरम के नौ स्वच्छाग्रहियों को दुल्हिनबाजार, तमिलनाडु के 19 स्वच्छाग्रहियों को फतुहा, आंध्रप्रदेश के 14 स्वच्छाग्रहियों को मनेर, तेलंगाना के आठ स्वच्छाग्रहियों को खुसरूपुर, गुजरात के 23 स्वच्छाग्रहियों को मसौढ़ी, सिक्किम के 11 को फुलवारीशरीफ, मणिपुर के 14 को पुनपुन, कर्नाटक के 8 स्वच्छाग्रहियों को नौबतपुर, महाराष्ट्र के 9 स्वच्छाग्रहियों को बिक्रम, महाराष्ट्र के 10 स्वच्छाग्रहियों को संपतचक, महाराष्ट्र के 30 स्वच्छाग्रहियों को पालीगंज, उत्तराखंड के 32 स्वच्छाग्रहियों को बिहटा, हिमाचल के 6 स्वच्छाग्रहियों को बाढ़ भेजा गया है।