पुलिस वाले को मर्सिडीज से कुचलने वाले मंत्री के बेटे को पुलिस ने छोड़ दिया

Daily news network Posted: 2018-04-11 11:59:58 IST Updated: 2018-04-11 11:59:58 IST
पुलिस वाले को मर्सिडीज से कुचलने वाले मंत्री के बेटे को पुलिस ने छोड़ दिया
  • अपनी मर्सिडीज कार से पुलिस कर्मी को कुचलने वाले मणिपुर के स्वास्थ्य मंत्री अलेक्जेंडर हेक के बेटे ऐंबाशराई नोंगसीज (28 वर्षीय) को पुलिस ने जमानत पर रिहा कर दिया है।

इंफाल

अपनी मर्सिडीज कार से पुलिस कर्मी को कुचलने वाले मणिपुर के स्वास्थ्य मंत्री अलेक्जेंडर हेक के बेटे ऐंबाशराई नोंगसीज (28 वर्षीय) को पुलिस ने जमानत पर रिहा कर दिया है। इस कारण पुलिस की कड़ी आलोचना हो रही है। पुलिस पर पक्षपात का आरोप लग रहा है। 



लोगों का कहना है कि चूंकि मामले में रसूखदार शख्स का बेटा शामिल है, इसलिए पुलिस दबाव में है। आरोपों के बीच जिला पुलिस प्रमुख मंगलवार को मीडिया के सामने आए और सफाई देते हुए कहा कि पुलिस के हाथ बंधे हुए हैं क्योंकि यह जमानती केस है और मृतक के परिवार ने एफआईआर भी दर्ज नहीं कराई है। ईस्ट खासी हिल्स के एसपी डेविस आर.मराक ने कहा कि राज्य के स्वास्थ्य मंत्री अलेक्जेंडर हेक के बेटे ऐंबाशराई नोंगसीज को गिरफ्तार किया गया था। 




बाद में उसे जमानत पर रिहा कर दिया गया। रिहाई गाइडलाइंस के आधार पर हुई है। मराक ने बताया कि मृतक के परिवार ने एफआईआर दर्ज कराने से मना कर दिया है इसलिए केस दर्ज नहीं हो पाया। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि नोंगसीज को अदालत में पेश करने की जरूरत नहीं है क्योंकि यह जमानती अपराध है और पुलिस ही उसे जमानत देने के लिए सक्षम है क्योंकि वह जांच में सहयोग कर रहा है। चूंकि मृतक के परिवार ने एफआईआर दर्ज नहीं कराई इसलिए पुलिस ने स्वत: संज्ञान पर मामला अपने हाथ में लिया। हादसे में घायल हुए एक अन्य कांस्टेबल की हालत के बारे में पूछे जाने पर एसपी ने कहा कि उसकी स्थिति अभी भी गंभीर है लेकिन वह खतरे से बाहर है। 




घायल कांस्टेबल एनईआईजीआरआईएचएमएस में भर्ती है। इस बीच सीडब्ल्यूएसओ के अध्यक्ष ए.खारशिंग ने कहा है कि जांच में किसी तरह की कोताही नहीं बरती जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि एसपी खुद मामले की निगरानी कर रहे हैं इसलिए निष्पक्ष जांच होगी।

 



आपको बता दें कि स्वास्थ्य मंत्री हेक के बेटे की मर्सिडीज कार ने एक बाइक को टक्कर मार दी थी, इसमें एक पुलिस कांस्टेबल की मौत हो गई थी जबकि एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया था। मारे गए सिपाही की पहचान प्रोबत आर.मराक के रूप में हुई थी। आपको बता दें कि अलेक्जेंडर हेक मेघालय में विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हुए थे।