सिक्किमः बेहद खूबसूरत है सिद्धेश्वर धाम, जहां बनी हैं भगवान शिव की मूर्तियां

Daily news network Posted: 2018-05-12 15:21:45 IST Updated: 2018-05-12 15:21:45 IST
सिक्किमः बेहद खूबसूरत है सिद्धेश्वर धाम, जहां बनी हैं भगवान शिव की मूर्तियां

दक्षिण सिक्कम का एक छोटा सा शहर है नामची, यहां  सिद्धेश्वर धाम है। इस धाम में भगवान शिव की ऊंची-लंबी प्रतिमाएं हैं। नामची के चारधाम परिसर का केंद्रीय आकर्षण 87 फीट ऊँची शिव मूर्ति है जो पहाड़ी के शिखर पर स्थित है। यहां से शिव भगवान पूरे चारधाम परिसर और उसके चारों ओर की घाटियों की निगरानी करते हैं। यह मूर्ति पहाड़ी के पश्चिमी छोर पर पूर्वी दिशा की ओर मुख किए स्थित है। यह मूर्ति 12 ज्योतिर्लिंगों से घिरी है।यह 12 प्रसिद्ध शिव मंदिर पूरे भारत के धार्मिक भूगोल पर फैले हैं। यहां का हर एक शिवलिंग अपने मूल जगह पर स्थापित शिवलिंग की सटीक प्रतिकृति है।




महाकाव्य महाभारत में एक ऐसा अध्याय है जहां पर अर्जुन शिव भगवान से पशुपतिअस्त्र प्राप्त करने के लिए कड़ी तपस्या करते हैं। जब शिवजी उनके समर्पित धीरज से प्रसन्न हुए, तो उन्होंने अर्जुन के समुख प्रकट होकर उन्हें पशुपतिअस्त्र का वरदान दे दिया। कहा जाता है कि यह प्रकरण नामची की सोलोफोक पहाड़ी पर घटित हुआ था। अर्जुन को पशुपतिअस्त्र का आशीर्वाद देने के लिए इस पहाड़ी पर शिव भगवान के अवतरण की खुशी मनाने के प्रतीक स्वरूप चारधाम का परिसर बनवाया गया था। इस परिसर का उद्घाटन नवंबर 2011 में जगतगुरु शंकराचार्य स्वामी स्वरूपानन्द सरस्वती महाराज और अनेकों धार्मिक गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति में प्राण प्रतिष्ठान के साथ हुआ।

 

 


ऊंची पहाड़ी पर स्थित होने के कारण मेघ हमेशा इस अद्वितीय तीर्थ यात्रा का हिस्सा बनते हैं। इन बादलों के बीच से गुजरते हुए आप मंदिरों और भगवान शिव की मूर्ति को बादलों के बीच से उभरते हुए देख सकते हैं, जो आपको एक झलक देकर वापस बादलों के बीच खो जाते हैं। ऐसा प्रतीत होता है, मानो भगवान आपको दूसरे कामों के लिए आगे बढ़ने से पहले दर्शन दे रहे हैं। अगर बादल इस जगह को थोडा फीका बनाते हैं, तो यहाँ के फूल अपने रंगों की जीवंतता से पूरे वातावरण में खुशी भर देते हैं।