असम की महिलाओं ने रचा इतिहास, रेलवे में पिट लाइन की देखरेख इनके हवाले

Daily news network Posted: 2018-03-12 15:50:35 IST Updated: 2018-03-12 16:02:28 IST
असम की महिलाओं ने रचा इतिहास, रेलवे में पिट लाइन की देखरेख इनके हवाले
  • भारतीय रेलवे के इतिहास में ऐसा पहली बार होगा जब महिलाओं के हाथों में कोच मेंटिनेंस डिपो में पिट लाइन के रखरखाव की जिम्मेदारी मिली हो।

गुवाहाटी।

भारतीय रेलवे के इतिहास में ऐसा पहली बार होगा जब महिलाओं के हाथों में कोच मेंटिनेंस डिपो में पिट लाइन के रखरखाव की जिम्मेदारी मिली हो।



ऐसा हुआ है गुवाहाटी में, जी हां गुवाहाटी में कोच मेंटिनेंस डिपो में पिट लाइन की देखरेख की जिम्मेदारी महिलाओं के समूह को दी गई है। बीते बुधवार तक इस विभाग में विशेष रूप से पुरुषों का वर्चस्व था।


 पिट लाइनों के काम में इंटीरियर से लेकर कोच के पहियों के रखरखाव का काम शामिल होता है। जहां व्हील और ब्रेक सिस्टम लगे होते हैं। बता दें कि पहले महिलाएं यहां सहायक के रूप में काम करती थी जिसमें पर्दे की मरम्मत, संकेत बोर्ड चित्रकारी, आदि का काम शामिल था।


 उत्तर-पूर्व फ्रंटियर रेलवे (एनएफआर) के सीपीआरओ पीजे शर्मा ने बताया कि एक बार गाड़ी के समाप्ति स्टेशन पर पहुंचने के बाद ये महिलाएं गाड़ियों की सफाई और रखरखाव के काम करेंगी। पहले यहां इस काम के लिए पुरुष कर्मचारी हुआ करते थे। लेकिन अब कोच डिपो में पिट लाइन पर महिलाएं काम करेंगी।