भाजपा सरकार ने पेश किया किसानों से संबंधित रिपोर्ट कार्ड, पढ़िए पूरी खबर

Daily news network Posted: 2019-08-28 16:26:00 IST Updated: 2019-08-28 16:28:56 IST
भाजपा सरकार ने पेश किया किसानों से संबंधित रिपोर्ट कार्ड, पढ़िए पूरी खबर
  • कृषि मंत्री अतुल बोरा ने अपने विभाग की सफलताओं को लेकर काफी उत्साहित हैं तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा सन 2022 के भीतर देश के किसानों की आमदनी दोगुना करने के लक्ष्य की प्राप्ति के लिए विभाग के अंतर्गत हुए प्रगतियों का लेखाजोखा पेश किया।

गुवाहाटी

कृषि मंत्री अतुल बोरा ने अपने विभाग की सफलताओं को लेकर काफी उत्साहित हैं तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा सन 2022 के भीतर देश के किसानों की आमदनी दोगुना करने के लक्ष्य की प्राप्ति के लिए विभाग के अंतर्गत हुए प्रगतियों का लेखाजोखा पेश किया। जनता भवन में संवाददाताओं को संबोधित करते हुए बोरा ने असम में सफल रूप से लागू प्रधानामंत्री कृषक सम्मान निधि, भूमि स्वास्थ्य कार्ड, प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, मुख्यमंत्री कृषि सामग्री आदि के बारे में विस्तार से बताया।

 

 उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने हाल ही में किसान मान धन योजना को भी यहां शुरू किया है। कृषि मंत्री ने बताया कि 2014-15 से 2016-17 तक इन तीनों वर्षों में राज्य उत्पादित कुल खाद्यान्न की तुलना में 2017 से 18 में 2.52 फीसदी खाद्यान्न उत्पादन में वृद्धि हुई है। चावल उत्पादन के मामले में पूर्व के तीन सालों की तुलना में 2017 से 18 में 52.84 लाख एमटी तक की वृद्धि हुई है। उसी तरह से मकई, तेल और दलहन के उत्पादन में भी वृद्धि हुई है।

 


उन्होंने बताया कि सन 2015-16 से 2019 के 15 अगस्त तक राज्य में कुल 17, 25, 514 भूमि स्वास्थ्य कार्ड वितरित किए गए हैं। फिलाहाल 1,12, 767 कार्ड वितरण के लिए तैयार है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंंत्री कृषि सम्मान निधि अथवा पीएम चालू वर्ष के 26 अगस्त तक राज्य के 24,71, 139 किसानों में पहली किश्त की राशि के तौर पर 494 करोड़ 22 लाख 78 हजार रुपए उनके बैंक खातों में जमा करा दिए गए हैं।

 

 इसके अलावा 13 लाख 17 हजार 938 लाभार्थियों में दुसरी किश्त की राशि के तौर पर 263 करोड़ 58 लाख 76 हजार रुपए उनके खातों में जमा कराए गए हैं। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत 2016 से 2018-19 के रवि फसल के मौसम तक कुल 2,15, 905 किसानों में से 25, 592 किसानों की उनकी मांगों के विपरित 646 लाख रुपए नुकसान की पुर्ति के लिए दिया गया है।