लोकसभा के साथ-साथ इस राज्य के विधानसभा चुनाव में भी मोदी सुनामी, विपक्ष का करेगी सूपड़ा साफ

Daily news network Posted: 2019-05-23 06:54:38 IST Updated: 2019-05-23 10:34:37 IST
लोकसभा के साथ-साथ इस राज्य के विधानसभा चुनाव में भी मोदी सुनामी, विपक्ष का करेगी सूपड़ा साफ

लोकसभा चुनावों के परिणामों के साथ दो राज्यों में हुए विधानसभा चुनावों के नतीजे भी आने शुरु हो चुके हैं। विधानसभा परिणामों के शुरुआती रुझानों की बात की जाए तो अरुणाचल प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी 12 सीटों पर आगे चल रही है। तीन सीटों पर निर्दलीय उम्मीदवार आगे हैं।  वहीं सिक्किम में पवन चामलिंग की पार्टी एसडीएफ 6 सीटों पर आगे चल रही है। वहीं क्षेत्रीय दल एसकेएम 5 सीट पर आगे चल रहा है।



बता दें कि पूर्वोत्तर राज्य अरुणाचल प्रदेश में  कुल 193 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला होगा। राज्य में मतदान सुबह 07.00 शुरु हो गया जो शाम 6.00 बजे तक चला और इसके लिए राज्य भर में 2202 मतदान केन्द्र बनाये गये थे। बता दें कि अरुणाचल में 66 प्रतिशत मतदान हुआ था। यहां 57 विधानसभा सीटों के लिए ग्यारह महिलाओं सहित 181 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं जबकि पश्चिम और पूर्वी संसदीय सीटों के लिए एक महिला सहित सात उम्मीदवार थे। अरुणाचल प्रदेश की 60 विधानसभा सीटों में 57 सीटों पर मतदान हुआ था।


 भारतीय जनता पार्टी सभी सीटों पर चुनाव लड़ रही है। तीन सीटों पर उसके उम्मीदवार र्निविरोध निर्वाचित हो चुके है। जबकि कांग्रेस 46 सीटों, और पीपुल्स पार्टी ऑफ अरुणाचल (पीपीए) नौ सीटों पर चुनाव लड़ रही है। मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा के नेतृत्व वाली नेशनल पीपुल्स पार्टी (एनपीपी) ने अपने पार्टी का विस्तार करते हुए 30 विधानसभा सीटों पर अपने उम्मीदवार खड़े किये थे। जबकि जनता दल (एस) ने 12, जनता दल (यू) ने 15, ऑल इंडिया पार्टी (एआईपी) ने एक और 11 सीटों पर निर्दलीय चुनाव लड़ रहे थे। अरुणाचल पश्चिम संसदीय सीट में 33 विधानसभा सीटें आती है। यहां से केन्द्रीय मंत्री किरण रिजिजू भाजपा के उम्मीदवार है जिनका मुकाबला राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री नबाम तुकी से है। इस सीट से एनपीपी के खयोदा अपिक, पीपीए के सुबु केछी, ऑल इंडिया फारवर्ड ब्लाक के जोमिन नयोकिर कारा और निर्दलीय रुमाक जोमोह चुनाव मैदान में है। अरुणाचल पूर्वी संसदीय सीट से कुल पांच उम्मीदवार चुनावी मैदान में है। यहां भाजपा के तापिर गाओ, कांग्रेस के एल वांगलाट, जद(एस) के बंदुई मिलि, पीपीए के मंगोल योमसो और र्निदलीय सीसी सिंगफो चुनाव मैदान में है। 


 


सिक्किम राज्य की बात की जाए तो यहां लोकसभा की एकमात्र और विधानसभा की 32 सीटों के लिए 11 अप्रैल को पहले चरण में वोटिंग हुई थी। जिसमें 69 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। सिक्किम के चार जिलों में 567 मतदान केन्द्र बनाए गए थे। इनमें से 39 सीटों पर सिर्फ महिला कर्मचारियों को तैनात किया गया था। 11 अप्रैल को संपन्न हुए मतदान के लिए कुल 4,32,306 मतदाता पंजीकृत थे। दिव्यांग जन अपने मताधिकार का प्रयोग आसानी से कर सकें इसके लिए मतदन केन्द्रों पर विशेष व्यवस्था की गई थी। राज्य में करीब 2,042 दिव्यांग मतदाता हैं। 32 विधानसभा सीटों के लिए कुल 150 जबकि लोकसभा सीट के लिए 11 प्रत्याशी मैदान में थे। रिकॉर्ड रूप से लगातार आठवीं बार विधायक बनने के लिए चुनाव लड़ रहे मुख्यमंत्री पवन कुमार चामलिंग दो सीटों पोकलोक-कामरांग और नामचि-सिंघिथांग से चुनाव लड़ रहे हैं। भारतीय फुटबॉल टीम के पूर्व कप्तान बाईचुंग भूटिया और हमरो सिक्किम पार्टी (एचएसपी) के कार्यकारी अध्यक्ष भी गंगटोक सहित दो सीटों से चुनाव लड़ रहे हैं। गंगटोक सीट भूटिया-लेचपा समुदाय के लिए सुरक्षित है।