कोर्ट के आदेश के बाद हुई बड़ी कार्रवाई, 350 ईंट भट्टों पर लगा ताला

Daily news network Posted: 2019-07-11 19:45:28 IST Updated: 2019-07-11 19:47:52 IST
कोर्ट के आदेश के बाद हुई बड़ी कार्रवाई, 350 ईंट भट्टों पर लगा ताला

पर्यावरण संबंधी मंजूरी पाने में नाकाम रहने के बाद त्रिपुरा सरकार ने सभी 350 ईंट के भट्टों का बंद कर दिया है। त्रिपुरा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (टीएसपीसीबी) के अध्यक्ष बी.के अग्रवाल ने कहा कि उच्च न्यायालय के हाल ही में दिए आदेश के बाद यह निर्णय लिया गया है। 


 


अब विभाग के अधिकारी करेंगे दौरा

अग्रवाल ने कहा,  त्रिपुरा उच्च न्यायालय के तीन जुलाई को दिए आदेश के अनुसार पर्यावरण संबंधी मंजूरी हासिल किए बिना ईट के भट्टे नहीं चलाए जा सकते। हमने राज्य में सभी भट्टे बंद कर दिए हैं क्योंकि उनके पास आवश्यक दस्तावेज नहीं थे। उन्होंने बताया कि भट्टों के मालिक आवश्यक पर्यावरणीय मानदंडों को पूरा करने के बाद उनके संबंधित जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय में शुक्रवार से नए दस्तावेज दायर कर सकते हैं। अग्रवाल ने बताया कि विभाग के अधिकारी इसके बाद फिर ईंट के भट्टों का दौरा करेंगे और पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय को अपनी रिपोर्ट सौंपेंगे।



हाईकोर्ट ने दिया था आदेश

गौरतलब है कि त्रिपुरा हाईकोर्ट ने कहा था कि वैधानिक पर्यावरणीय अनुमति के बिना चल रहे सभी ईंट भट्टों को पूरी तरह से बंद कर दिया जाए। इस तरह के राज्य में 393 ईंट भट्टे चल रहे हैं, जिन पर हाईकोर्ट के आदेश की तलवार लटक गई थी। यह आदेश मुख्य न्याधीश संजय कारोला और न्यामूर्ती अरिंदम लोढा की खंडपीठ ने त्रिपुरा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से पेश हलफनामे की जांच करने के बाद दिया था। जांच में पाया गया था कि राज्य में चल रहे सभी 393 ईंट भट्टे बिना पर्यावरणीय अनुमति के चल रहे हैं। 



चालू स्थिति में थे 280 भट्टे

एक रिपोर्ट में सामने आया कि इनमें से 280 भट्टे चालू थे, वहीं 43 भट्टे स्थाई तौर पर गैरक्रियाशील थे। इस संबंध में न्यायालय ने त्रिपुरा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष और सदस्य सचिव को निर्देश दिया है कि वो सभी ईंट भट्टों का भौतिक सत्यापन करें तथा पता लगाएं कि क्या वो वैधानिक पर्यावरणीय अनुमति के चल रहे हैं या नहीं। इस मामले में उनको पूरी रिपोर्ट दो हफ्तों में पेश करने के लिए कहा है।