जोहान्सबर्ग (Johannesburg Test ) में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट मैच में टीम इंडिया ने टॉस जीतकर पहले बैटिंग का फैसला किया है. विराट कोहली (Virat Kohli) चोट के कारण ये मुकाबला नहीं खेल रहे हैं और उनकी जगह केएल राहुल ( KL Rahul is the captain of the team ) टीम के कप्तान हैं. 24 ओवर तक टीम का स्कोर 3 विकेट के नुकसान पर 51 रन है. केएल राहुल और हनुमा विहारी (Hanuma Vihari)  क्रीज पर हैं.

24वें ओवर में अफ्रीकी तेज गेंदबाज डेन ओलिवियर (Dan Olivier) ने लगातार दो गेंदों पर 2 विकेट लेकर भारतीय टीम की कमर तोड़कर रख दी. ओवर की तीसरी गेंद पर उन्होंने चेतेश्वर पुजारा (Cheteshwar Pujara) को पॉइंटस पर फील्डिंग कर रहे तेंबा बाउमा के हाथों कैच आउट कराया और चौथी गेंद पर अजिंक्य रहाणे (Ajinkya Rahane) को गोल्डन डक पर आउट किया. रहाणे का कैच तीसरी स्लिप में कीगन पीटरसन ने पकड़ा.

जोहान्सबर्ग में टीम इंडिया ने इस टेस्ट से पहले 5 मैच खेले थे और सभी के टीम के अलग-अलग कप्तान रहे. इस टेस्ट मैच में विराट कोहली की गैरमौजूदगी में केएल राहुल टीम की कमान संभाल रहे हैं और वो इस मैदान पर भारत की कप्तानी करने वाले छठे खिलाड़ी बने. 1992 में इस मैदान पर खेले गए पहले टेस्ट में भारत की अगुआई मोहम्मद अजहरुद्दीन ने की थी. वहीं, 1997 के दौरे पर सचिन तेंदुलकर भारत के कप्तान थे. 2006 में राहुल द्रविड़ और 2013 में एमएस धोनी ने टीम के नेतृत्व किया था. 2018 में विराट कोहली की लीडरशिप में भारतीय टीम ने जोहान्सबर्ग टेस्ट खेला था. खास बात ये रही कि राहुल से पहले पांचों कप्तानों के अंदर टीम इंडिया ने इस मैदान पर एक भी मुकाबला नहीं गंवाया. पांच में 2 टेस्ट जीते और 3 ड्रॉ रहे.

टीम इंडिया का पहला विकेट मयंक अग्रवाल के रूप में गिरा. मार्को जेन्सन की अंदर आती हुई गेंद पर मयंक विकेट के पीछे काइल वेरेना को अपना आसान का कैच दे बैठे. मयंक अग्रवाल 37 गेंदों पर 26 रन बनाकर पवेलियन लौटे.

टॉस से कुछ ही मिनट पहले इस मैच से विराट कोहली के बाहर होने की खबर सामने आई. उनकी जगह राहुल टॉस के लिए आए. राहुल ने बताया कि कोहली पीठ के ऊपरी हिस्से में अकडऩ के कारण इस टेस्ट से बाहर हो गए हैं. कोहली की जगह हनुमा विहारी को प्लेइंग 11 में शामिल किया गया है. श्रेयस अय्यर को भी पेट खराब होने के चलते इस मैच के प्लेइंग-11 का हिस्सा नहीं बनाया गया.

हनुमा विहारी की पूरे एक साल के बाद प्लेइंग ङ्गढ्ढ में वापसी हुई है. विहारी ने पिछले साल जनवरी में ऑस्ट्रेलिया के दौरे पर आखिरी टेस्ट मैच खेला था. इसके बाद वो चोट के चलते टीम से बाहर हो गए थे. न्यूजीलैंड के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज में भी विहारी को टीम में शामिल नहीं किया गया था. विहारी को विदेशी दौरों का स्पेशलिस्ट बल्लेबाज माना जाता है और इस मैच में उनसे दमदार प्रदर्शन की उम्मीद है.

पिछले 29 साल में भारतीय टीम आज तक अफ्रीकी सरजमीं पर टेस्ट सीरीज नहीं जीत सकी है. सेंचुरियन में खेला गया पहला टेस्ट 113 रन से जीतने के बाद टीम इंडिया के पास दूसरे मुकाबले में ऐतिहासिक सीरीज जीतने का बढिय़ा मौका है.