भारत का आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के पहले खिताब को जीतने का सपना साकार नहीं हो सका। फाइनल मुकाबले में न्यूजीलैंड की टीम ने शादनार क्रिकेट खेलते हुए टीम इंडिया को 8 विकेट से रौंदकर डब्ल्यूटीसी के खिताब पर कब्जा जमाया। टेस्ट के छठे दिन न्यूजीलैंड के गेंदबाजों ने बेहतरीन गेंदबाजी की और भारत को दूसरी पारी में सिर्फ 170 रनों पर समेटकर जीत की उम्मीद जगाई। 

कप्तान केन विलियमयन और रॉस टेलर ने 96 रनों की पार्टनरशिप करके टीम को जीत की दहलीज तक  पहुंचाया। भारतीय कप्तान विराट कोहली टीम के प्रदर्शन से काफी नाखुश नजर आए और उन्होंने डब्ल्यूटीसी फाइनल की हार का ठिकरा बल्लेबाजों के सिर फोड़ा। कोहली ने माना कि भारतीय बल्लेबाजों ने 30 से 40 रन कम बनाए।

हार के बाद विराट ने कहा, 'सबसे पहले तो केन विलियमयन और उनकी टीम को ढेर सारी बधाईयां। उन्होंने जबरदस्त निरंतरता और जिगरा दिखाया और तीन दिन के अंदर नतीजा निकल लिया। 

उन्होंने हमको पूरे टेस्ट मैच में दबाव में रखा और वह इस जीत के हकदार हैं। दूसरे दिन मूमेंटम हासिल करना मुश्किल था और हमने पहली पारी में अच्छी बल्लेबाजी की। आज की सुबह ने सबसे बड़ा अंतर किया, जहां उनके गेंदबाजों ने प्लान पर बेहतरीन तरीके से अमल किया और हमको रन बनाने का मौका नहीं दिया। 

हम एक अच्छा  टारगेट खड़ा करने से 30 से 40 रन पीछे रहे। मुझे प्लेइंग इलेवन का मैच से पहले ऐलान करने का कोई पछतावा नहीं है क्योंकि आपको टीम में एक ऑलराउंडर की जरूरत होती है, लेकिन हमने यह एकमत से फैसला किया कि यह मैदान पर उतराने के लिए बेस्ट इलेवन है।'