असम की बॉक्सर लवलीना बोरगोहेन (69 किलो) ने बुल्गारिया के सोफिया में चल रहे 70वें स्ट्रांजा मेमोरियल मुक्केबाजी में ब्रॉन्ज मेडल जीता। लवनीना को सेमीफाइनल में हारने के बाद ब्रॉन्ज से संतोष करना पड़ा। वहीं एशियाई खेलों के गोल्ड मेडलिस्ट अमित पंघाल (49 किलो) और पूर्व जूनियर वर्ल्ड चैंपियन निकहत जरीन (51 किलो) समेत 4 भारतीय मुक्केबाज फाइनल में पहुंच गए।


पुरुष वर्ग में भारतीय चुनौती सिर्फ अमित के रूप में बची है जिसने मोरक्को के सईद मुर्ताजी को 3-2 से हराया। अब उनका सामना कजाकिस्तान के तेमिरतास जुसुपोव से होगा। दो बार की राष्ट्रीय पदक विजेता जरीन ने पोलैंड की सैंड्रा ड्राबिक को 3-2 से मात दी।


महिला वर्ग में मंजू रानी (48 किलो) और मीना कुमारी देवी (54 किलो) भी फाइनल में पहुंच गई। रानी ने बुल्गारिया की एमी मारी तोडोरोवा को हराया जबकि मीना ने रूस की एकातेरिना एस को मात दी। पी बासुमतारी (64 किलो), नीरज (60 किलो) और लवलीना बोरगोहेन (69 किलो) को सेमीफाइनल में हारने के बाद ब्रॉन्ज से संतोष करना पड़ा। बासुमतारी को इटली की वेलेंटिना अलबर्टी ने हराया जबकि नीरज को स्वीडन की एग्नेस एलेक्सियूसन ने मात दी।


वर्ल्ड चैंपियनशिप के ब्रॉन्ज मेडलिस्ट और इंडिया ओपन विजेता बोरगोहेन को चीनी ताइपे की नियेन चिन चेन ने मात दी। भारत ने पिछली बार इस टूर्नमेंट में 11 पदक जीते थे।