गंगटोक। गेजिंग कॉलेज से निष्कासित चार छात्रों के पक्ष में सिक्किम उच्च न्यायालय (Sikkim High Court) की फैसले को बुर्तुक विधानसभा समष्टि के भाजपा विधायक डीआर थापा ने स्वागत जताया है। उन्होंने आज जारी विज्ञप्ति जारी में कहा है उच्च न्यायालय ने अधिकारियों के द्वारा गैर कानूनी रूप से निष्कासित चार छात्रों के निष्कासन आदेश रद्द किया है। न्यायालय ने इस बात पर प्रकाश डाला है कि छात्रों को सुनवाई और अपना पक्ष रखने का अवसर नहीं दिया गया था। इस पूरी प्रक्त्रिया में छात्रों को उनकी असाधारण ताकत के लिए उन्होंने बधाई दी है। इस प्रक्त्रिया में संलग्न छात्रों को अपने भविष्य के लिए अत्याधिक मानसिक पीड़ा और चिंता रहा होगा, लेकिन वे अपनी लड़ाई में दृढ़ रहे और हमें उन पर गर्व है।

उन्होंने आगे उल्लेख किया है कि कोर्ट का फैसला कॉलेज और शिक्षा विभाग के अधिकारियों के लिए सबक है। अब वे अपनी शक्ति का खुले तौर पर दुरुपयोग नहीं कर सकते। हमारे बच्चों का भविष्य कोई खेल की चीज नहीं है और इसे फिर से जोखिम में नहीं डाला जा सकता है। उन्होंने कहा कि यह जीत पूरे छात्र समुदाय, गैर सरकारी संगठनों और अन्य नागरिक समाज के सदस्यों का भी जीत है जिन्होंने निष्कासन का विरोध जारी रखा और छात्रों को न्याय दिलाने में मदद की। उन्होंने बताया है कि उच्च न्यायालय का यह निर्णय वास्तव में सिक्किम के लिए सही और एक बड़ा कदम है। उन्होंने भविष्य में ऐसी घटनाएं राज्य में नहीं घटेगी विश्वास व्यक्त की है।

उन्होंने आगे उल्लेख किया है कि कोर्ट का फैसला कॉलेज और शिक्षा विभाग के अधिकारियों के लिए सबक है। अब वे अपनी शक्ति का खुले तौर पर दुरुपयोग नहीं कर सकते। हमारे बच्चों का भविष्य कोई खेल की चीज नहीं है और इसे फिर से जोखिम में नहीं डाला जा सकता है। उन्होंने कहा कि यह जीत पूरे छात्र समुदाय, गैर सरकारी संगठनों और अन्य नागरिक समाज के सदस्यों का भी जीत है जिन्होंने निष्कासन का विरोध जारी रखा और छात्रों को न्याय दिलाने में मदद की। उन्होंने बताया है कि उच्च न्यायालय का यह निर्णय वास्तव में सिक्किम के लिए सही और एक बड़ा कदम है। उन्होंने भविष्य में ऐसी घटनाएं राज्य में नहीं घटेगी विश्वास व्यक्त की है।