एक ओर जहां राज्य सरकार कोरोना की चिकित्सा के लिए जिन दो निजी अस्पतालों को अपने अधीन किया था,उसे छोड़ने की तैयारी कर रही है तो दूसरी ओर मरीजों की मौत का सिलसिला चल ही रहा है। गुरुवार को पिछले 24 घंटों में कोरोना वायरस संक्रमित पांच मरीजों की मौत होने का मामला सामने आया है।

इसके साथ ही 47 नए मरीज भी मिले हैं। स्वास्थ्य विभाग द्वारा मिली जानकारी के अनुसार सिलीगुड़ी निवासी 68 वर्षीय मरीज की मौत गुरुवार को हिमाचल बिहार कोविड-19 अस्पताल में हो गई। सिलीगुड़ी के वार्ड नंबर 15 निवासी 63 वर्षीय एक अन्य मरीज की भी मौत हिमाचल बिहार कोविड-19 अस्पताल में हो गई। जबकि सिक्किम के जोरथांग निवासी 75 वर्षीय एक मरीज की मौत गुरुवार को हिमाचल विहार कोविड-19 अस्पताल में हुई। 

वहीं बीते बुधवार की रात कोरोना वायरस संक्रमित दो मरीजों की मौत होने का मामला सामने आया। इनमें एक मरीज की मौत एनबीएमसीएच के रेस्पिेरेट्री इंटेंसिंव केयर यूनिट में हुई, जबकि एक मरीज की मौत सेवक रोड स्थित एक नर्सिग होम में हो गई। इस तरह से पिछले 10 दिनों में सिलीगुड़ी के दोनों कोविड-19 अस्पतालों, उत्तर बंगाल मेडिकल कॉलेज व अस्पताल तथा निजी अस्पताल में मिलाकर 23 मरीजों की मौत हो चुकी है।

दूसरी ओर गुरुवार को सिलीगुड़ी व आस-पास के क्षेत्रों में कोरोना वायरस के 47 नए मामले सामने आए। इनमें सिलीगुड़ी नगर निगम क्षेत्र में यह संख्या 24 है। वहीं सिलीगुड़ी नगर निगम क्षेत्र के अलावा सिलीगुड़ी महकमा के माटीगाड़ा प्रखंड में 13, नक्सलबाड़ी में तीन, फासीदेवा प्रखंड में एक, खोरीबाड़ी प्रखंड में दो तथा सुकना में कोरोना वायरस के चार मामले सामने आए। इस तरह से पिछले 10 दिनों दिनों में सिलीगुड़ी नगर निगम क्षेत्र में कोरोना वायरस के 440 मामले सामने आ चुके हैं।

उल्लेखनीय है कि इस महीने के प्रथम दिन से ही कोरोना वायरस के मामलों में उतार-चढ़ाव का दौर देखने को मिल रहा है। इस सप्ताह रविवार को सिलीगुड़ी को सिलीगुड़ी व आस-पास के क्षेत्रों में 65 नए मामले सामने आए, वहीं सोमवार को कोरोना वायरस के 85 नए मामले सामने आए। जबकि मंगलवार को सिलीगुड़ी व आसपास के क्षेत्रों में 59 नए मामले सामने आए। 

वहीं बुधवार को कोरोना वायरस के 91 मामले आए। मिली जानकारी के अनुसार सिलीगुड़ी नगर निगम क्षेत्र में पिछले महीने नवंबर के प्रथम सप्ताह में जहा 500 के लगभग कोरोना वायरस के मामले सामने आए वही दिसंबर महीने के प्रथम सप्ताह में कोरोना वायरस के 328 मामले सामने आए थे। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि अब ठंड का प्रकोप धीरे-धीरे बढने लगा है। यदि अभी भी लोग नहीं सतर्क हुए तो स्थिति और भी गंभीर हो सकती है।