असम सरकार ने चाय बागान के श्रमिकों को 20 प्रतिशत बोनस देने के साथ ही इसके उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए निजी चाय बागानों के लिए कर्ज पर ब्याज में छूट और मूलधन में छूट देने जैसी कई योजनाओं की घोषणा की है। 

राज्य के वित्त मंत्री डॉ. हिमंता बिस्वा शर्मा ने शुक्रवार को बताया कि सरकार दुर्गा पूजा के मौके पर असम चाय निगम लिमिटेड के तहत काम करने वाले श्रमिकों को 20 प्रतिशत बोनस देगी। उन्होंने बताया कि यह राशि राज्य के बजट से दी जाएगी क्योंकि एपीसीएल ऐसी स्थिति में नहीं है कि वह इस भार को वहन कर सके। 

उन्होंने निजी चाय बागानों से भी अपने श्रमिकों के लिए इस तरह की घोषणा करने की अपील की। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार चाय उद्योग को बढ़ावा देने के लिए कई योजनायें लेकर आई है। उन्होंने बताया कि इससे पिछले कुछ वर्षों से मुश्किल दौर से गुजर रहे चाय उद्योग को मदद मिलेगी। उन्होंने कोरोना वायरस (कोविड-19) से उत्पन्न मुश्किल समय में श्रमिकों को राशन मुहैया कराने के लिए चाय बागानों के प्रबंधकों की प्रशंसा की। 

डॉ. शर्मा ने बताया कि सरकार राज्य से निर्यात होने वाले पुराने तरीके से उत्पादित चाय पर प्रति किलोग्राम सात रुपये के हिसाब से सब्सिडी प्रदान करेगा, जो इस वर्ष एक अप्रैल से प्रभावी होगा। उन्होंने बताया कि चाय का उत्पादन करने वाली पुरानी मशीनरी की खरीद के लिए सरकार मूलधन पर 25 प्रतिशत की सब्सिडी प्रदान करेगी। उन्होंने बताया कि सरकार पुराने तरीके चाय का उत्पादन करने को बढ़ावा देगी क्योंकि इसके वैश्विक स्तर पर मांग है।