भारत के दुश्मन देश पाकिस्तान में इन दिनों उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तारीफ हो रही है। पाकिस्तान का मीडिया योगी की तारीफ करने के साथ ही वहां की सरकार को कोस रहा है।दरअसल पाकिस्तान के मशहूर अखबार द डॉन के संपादक फहद हुसैन ने कोरोना वायरस को लेकर योगी आदित्यनाथ के फैसलों की तारीफ की है। ऐसी विकट परिस्थिति में योगी आदित्यनाथ के मुरीद बने फहद ने एक ट्वीट कर योगी की कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए किए गए कार्यों की प्रशंसा करने के साथ ही पाकिस्तान की इमरान खान सरकार को आईना दिखाया है।

योगी के नेतृत्व को इमरान खान से बेहतर बताने के साथ फहद ने एक ग्राफ को ट्वीट किया। इस ट्वीट में उन्होंने लिखा, इस ग्राफ को ध्यान से देखिए। इसमें पाकिस्तान और भारत के राज्य उत्तर प्रदेश में होने वाली मौतों की तुलना की गई है। दोनों की आबादी, साक्षरता और प्रोफाइल तकरीबन एक जैसी है। उत्तर प्रदेश की तुलना में पाकिस्तान में प्रति किलोमीटर कम घनत्व और प्रति व्यक्ति ज्यादा जीडीपी है। उत्तर प्रदेश ने लॉकडाउन का कड़ाई से पालन करवाया। हमने ऐसा नहीं किया। मौतों की दर में अंतर देखें।

फहद ने इस ग्राफ द्वारा पाकिस्तान और उत्तर प्रदेश की तुलना क्षेत्रफल, जनसंख्‍या, 45 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों की जनसंख्या, प्रति व्‍यक्ति सकल घरेलू उत्‍पाद और साक्षरता जैसे मानकों पर की। फहद द्वारा ट्वीट किए गए ग्राफ में उन्होंने बताया कि पाकिस्‍तान की जनसंख्या जहां 20.80 करोड़ है, उत्‍तर प्रदेश की आबादी 22.50 करोड़ है। पाकिस्तान में प्रति किलोमीटर जनसंख्या घनत्व 275 है जबकि उत्तर प्रदेश में यह आंकड़ा 932 है। इसके अलावा पाकिस्‍तान में 45 वर्ष से ज्यादा उम्र वाले लोगों की आबादी 3.80 करोड़ है, जबकि उत्‍तर प्रदेश में 4 करोड़। पाकिस्‍तान में साक्षरता की दर 59 फीसदी है और उत्‍तर प्रदेश में यह 68 फीसदी। डॉन के संपादक ने ग्राफ में दिखाया कि बीते 23 मार्च से पाकिस्‍तान में कोरोना वायरस के मामले बढ़ने शुरू हुए। इसके बाद इन मामलों में तेजी ही आती रही। हालांकि अप्रैल के पहले सप्ताह से उत्‍तर प्रदेश में केस बढ़ने शुरू हुए, लेकिन इसके बाद पूरी तरह नियंत्रण में रहे।

उन्होंने आगे लिखा, जब सरकार हमेशा लॉकडाउन खोलने के औचित्य को संदर्भित करती है, तब उत्तर प्रदेश उन समृद्ध स्थानों में से एक नहीं है। मैं लोगों को यह बताने के लिए आमंत्रित करना चाहूंगा कि पाकिस्तान में इतने लोगों को क्यों मरना पड़ा और यूपी में इतने कम। चार्ट को बारीकी से देखें और सोचें।गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में कोरोना वायरस के कुल केस 10,261 पहुंच चुके हैं। वहीं, पाकिस्तान में यह आंकड़ा एक लाख को पार कर चुका है।