पश्विम बंगाल में विधानसभा चुनाव प्रचार के लिए आसनसोल पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर जमकर हमला बोला। रविवार को आसनसोल में एक रैली को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि पीएम मोदी ने कहा कि टीएमसी खंड-खंड हो चुकी है और दीदी के पास अब सिर्फ 15 दिन बचे हैं। उन्होंने कहा कि बंगाल की जनता ने इस बार 'दीदी' को 'भूतपूर्व मुख्यमंत्री' का प्रमाणपत्र देने का मन बना लिया है। 2 मई को बंगाल की जनता ममता दीदी को भूतपूर्व मुख्यमंत्री का प्रमाणपत्र देगी।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ममता बनर्जी राज में भेदभाव-पक्षपात, गुंडागर्दी और विकास की राह में रोड़े डालने का आरोप लगाया। पीएम ने कहा कि जो विकास पर विरोध को, विश्वास पर प्रतिशोध को, सुशासन पर राजनीति को, प्राथमिकता देती है, ऐसी सरकार पश्चिम बंगाल का भला नहीं कर सकती। इसलिए बंगाल को आशोल परिवर्तन चाहिए।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि दीदी, आप जितनी चाहे साजिशें कर लीजिए, जितनी चाहे कोशिशें कर लीजिए। इस बार आपकी साजिश बंगाल के लोग खुद ही नाकाम कर रहे हैं। अब बंगाल के लोग आपको हमेशा के लिए एक ऐसा सर्टिफिकेट देने वाले हैं, जिसे आप आराम से संभाल कर रख सकती हैं। बंगाल की जनता 2 मई को भूतपूर्व मुख्यमंत्री सर्टिफिकेट देगी। 

पीएम मोदी ने कहा कि जब मैं दीदी की दुर्नीति के विरुद्ध सवाल उठाता हूं, तो वो गाली देती हैं। उन्होंने कहा, ''दीदी ने मुझे श्रमिकों का हत्यारा और दंगा करने वाला बताया। दीदी ने कहा- तुम साला खूनी का राजा, खूनी का जमींदार।दीदी ने बंगाल के कल्चर, यहां की मिठास भरी भाषा को शर्मसार किया है।''

उन्होंने कहा कि जहां तुष्टिकरण होता हैं, वहां अभाव, भेदभाव और आशा-आकांक्षाओं का दमन होता हैं। दीदी की सरकार ने पश्चिम बंगाल के हर युवा बेटे-बेटी की आकांक्षाओं का दमन किया है। दीदी ने भाइपो की आकांक्षाओं और करियर के लिए बंगाल के लाखों युवाओं का भविष्य दांव पर लगा दिया। मोदी ने कहा कि तुष्टिकरण से विकास नहीं होता बल्कि ममता दीदी जैसे लोग तुष्टिकरण के नाम पर विश्वासघात करते हैं। तुष्टिकरण से सड़क, स्कूल-कॉलेज, चाकरी, ये सब नहीं मिलता। यहां की संकरी और गढ्ढे वाली सड़कें, अस्पतालों का अभाव, सिंचाई का अभाव, ये सब कुछ प्रत्यक्ष प्रमाण हैं।