बंगाल की खाड़ी में बना मौसमी सिस्टम अब चेन्नई तक पहुंच गया है। इस वजह से चेन्नई से सटे पुडुचेरी, इससे सटे दक्षिण तटवर्ती आंध्र प्रदेश के हिस्से में बीते 24 घंटे में भारी से बहुत भारी वर्षा हो रही है। भारतीय मौसम विभाग (Bhartiya Mausam Vibhag) के पूर्वानुमान के अनुसार यह सिस्टम इन इलाकों के बेहद करीब पहुंचा है, जिससे आसमान में घने काले बादल दिखाई दे रहे हैं। उत्तरी तटीय आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक और केरल में भी इन बादलों को देखा जा सकता है। लेकिन, पूर्वी तटों पर इसका सबसे ज्यादा असर देखने को मिल रहा है। वहीं, अरब सागर पर बना सिस्टम अपेक्षाकृत कमजोर है, लेकिन इन दोनों सिस्टम की वजह दक्षिणी प्रायद्वीपीय हिस्सों, मध्य भारत और उत्तरी भारत के आसमान में बादल देखने को मिल रहे हैं। हालांकि, इन बादलों से बारिश की कोई उम्मीद नहीं है।

आज के मौसम की बात की जाए एक बार फिर दक्षिण के राज्यों में मौसमी सिस्टम ने असर दिखाना शुरू कर दिया है। 18 नवंबर की रात से शुरू हुई बारिश 19 नवंबर को भी जमकर बरसेगी। यह बारिश पूर्वी तटीय तमिलनाडु और दक्षिण तटीय आंध्र प्रदेश के इलाकों में बहुत भारी पड़ने वाली है। इन इलाकों में चक्रवात जैसी स्थितियां देखने को मिलेंगी। जैसे- नेल्लोर और श्रीहरिकोट समेत चेन्नई और पुडुचेरी के बीच 100 मिलीमीटर से भी ज्यादा बारिश रिकॉर्ड होने का अनुमान जताया जा रहा है। इस क्षेत्र में हवा की रफ्तार भी 40 से 50 किलोमीटर प्रतिघंटा हो सकती है। ये सभी मौसमी गतिविधियां सामान्य जनजीवन को सीधे प्रभावित करेंगी। मौसम विभाग (mausam vibhag) के अनुसार, कच्चे मकान और झोपड़ियां, बिजली के खंभे आदि के गिरने का डर भी बना रहेगा। इसलिए आम लोगों को एहतियात बरतने की जरूरत है। हालांकि, ये स्थितियां 19 नवंबर को ज्यादा रहेंगी, 20 नवंबर से मौसम का उग्र रूप थमेगा। बावजूद बारिश जारी रहेगी।

तमिलनाडु के सेलम से लेकर तिरुचिरापल्ली, कोयंबटूर, मदुरै, कन्याकुमारी इन सभी क्षेत्रों में कई जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश के आसार हैं। केरल और कर्नाटक के तटीय इलाकों में वर्षा होगी। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार तेलंगाना और रायलसीमा में भी हल्की और कहीं-कहीं भारी बारिश की संभावना देखने को मिल रही है। महाराष्ट्र में कोंकण, नासिक, जलगांव, धुले में हल्की वर्षा का पूर्वानुमान है। विदर्भ में शुष्क मौसम जबकि मराठवाड़ा में कहीं-कहीं हल्की वर्षा की संभावना है। छत्तीसगढ़ के दक्षिणी भागों और ओडिशा के कुछ हिस्सों में भी वर्षा का पूर्वानुमान है। मध्य प्रदेश के पूर्वी हिस्सों में शुष्क मौसम, लेकिन पश्चिमी मध्य प्रदेश में कुछ जगहों पर वर्षा का अनुमान जताया जा रहा है। रतलाम, भोपाल, गुना, शिवपुरी में वर्षा हो सकती है। जबकि, पूर्वी गुजरात में भी बारिश का अनुमान जताया जा रहा है। बीते 24 घंटे में सूरत में जबरदस्त वर्षा रिकॉर्ड की गई है।

अगले 24 घंटों के दौरान मौसम का हाल- मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, उत्तर भारत में राजस्थान के दक्षिण-पूर्व हिस्से में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा देखने को मिलेगी। पश्चिमी उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब, दिल्ली में मौसम शुष्क रहेगा। जम्मू-कश्मीर, गिलगित, बाल्टिस्तान, मुज़फ्फराबाद, लद्दाख और हिमाचल प्रदेश के इलाकों में बादल आते-जाते दिखाई देंगे, जिससे कुछ जगहों पर वर्षा हो सकती है। उत्तराखंड में मौसम साफ़ और शुष्क रहेगा। अब बात करें, पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार और पूर्वोत्तर भारत की बात करें। ललितपुर, झांसी, फतेहपुर और आसपास के इलाकों में बादल दिख सकते हैं जिनसे थोड़ी बहुत वर्षा का अनुमान है। आज प्रयागराज और वाराणसी में बूंदाबांदी के आसार हैं। राजधानी लखनऊ के आसमान में भी हल्के बादल दिख रहे हैं, लेकिन बारिश की कोई उम्मीद नहीं है। बिहार इलाकों में मौसम शुष्क रहेगा।