उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (यूपीटीईटी-2021) परीक्षा के पेपर लीक मामले (UPTET Paper leak) में आरोपी एक शिक्षक ने शामली जिले की एक अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया है। निर्दोष चौधरी (Nirdosh Chaudhary) का नाम तब सामने आया जब 30 नवंबर को अलीगढ़ के एक आरोपी गौरव मलान (Gaurav Malaan) (28) को गिरफ्तार किया गया था। उसने बताया कि कासगंज स्थित प्राथमिक विद्यालय के शिक्षक चौधरी ने उसके गिरोह को 5 लाख रुपये में प्रश्न पत्र दिए थे।

इस मामले की जांच कर रहे एसटीएफ (STF) के सीओ बृजेश सिंह ने कहा, चौधरी घटनाओं की सीरीज की एक महत्वपूर्ण कड़ी है और शामली और बागपत में स्थित गिरोहों को कागजात की मुहैया करा रहा है। उत्तर प्रदेश में 28 नवंबर को परीक्षा रद्द (UPTET 2021) होने के बाद से 30 से ज्यादा संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया है। 

इस बीच पता चला है कि एसटीएफ (STF) को शामली के कांधला कस्बे निवासी 50 वर्षीय विकास कुमार (Vikas Kumar) के शामिल होने की अहम सूचना मिली है। वह एक धोखाधड़ी करने वाला माफिया है और पिछले दो दशकों से इस धंधे में शामिल है। बृजेश सिंह ने कहा, उसे सीबीआई (CBI) ने 2012 में एक परीक्षा धोखाधड़ी मामले में शामिल होने के आरोप में गिरफ्तार किया था। लेकिन वह जमानत पर बाहर आया था। फिलहाल कुमार अभी फरार है।