भोपाल। मध्यप्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने आज एक बार फिर दोहराया कि वे गंगोत्री से लाया जल रायसेन के किले स्थित शिव मंदिर में चढ़ाएंगी। भारती ने अपने ट्वीट में कहा कि उन्हें एक खबर के माध्यम से केन्द्रीय पुरातत्व विभाग द्वारा सभी संरक्षित पुराने मंदिरों को खोलकर पूजा-पाठ करने की अनुमति देने की दिशा में निर्णय की संभावना के बारे में पता चला। 

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अगर ऐसा हुआ तो ये रायसेन के किले के शिव जी की महाविजय होगी। उन्होंने कहा, 'गंगोत्री से लाया गया गंगा-भागीरथी के जल का कलश रायसेन कलेक्टर के पास ही रखा है। यदि सब कुछ ठीक रहा और राज्य सरकार अपनी औपचारिकताएं पूर्ण कर लेगी तो उसके तुरंत बाद रायसेन के किले में स्थित शिव मंदिर एवं विदिशा का विजय मंदिर (चर्चिका देवी का मंदिर) में क्रमश: जल चढ़ाउंगी।' 

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भारती कुछ महीने पहले रायसेन के किले स्थित शिव मंदिर में जल चढ़ाने गईं थीं। ये मंदिर पुरातत्व विभाग के अधीन है और लंबे समय से बंद है। भारती उस मौके पर जल का कलश प्रशासन के पास सुरक्षित रखवा कर आईं थीं।