ब्रिटेन की सरकार (UK Goverment) चाहती है कि मैसूर के शासक रहे टीपू सुल्तान (Tipu Sultan) के सिंहासन पर लगे स्वर्ण जड़ित बाघ विदेश (gold tiger) में नहीं बेचे जाएं। यही कारण है कि यहां विदेश में इसे बेचे जाने पर अस्थाई प्रतिबंध लगा दिया गया है और ब्रिटेन में ही खरीदार तलाशे जा रहे हैं। 

इसकी कीमत तकरीबन 15 लाख पाउंड है और ब्रिटिश सरकार द्वारा इसे प्रतिबंधित निर्यात की सूची में रखने से ब्रिटेन की किसी गैलरी या संस्थान को यह ऐतिहासिक वस्तु खरीदने के लिए वक्त मिल जाएगा।जानकारों की मानें तो टीपू सुल्तान (Tipu Sultan) के सिंहासन में आठ सोने के बाघ (eight gold tigers) थे, ये सोने का बाघ का सिर उनमें से एक है। टीपू सुल्तान को मैसूर के शेर के नाम से भी जाना जाता है।

ब्रिटेन के कला मंत्री लॉर्ड स्टीफन पार्किंन्सन (Lord Stephen Parkinson) ने कहा कि यह टीपू सुल्तान के शासन की कहानी दिखाता है और हमें अपने शाही इतिहास से रूबरू करवाता है। मुझे उम्मीद है कि ब्रिटेन का ही कोई खरीदार आगे आएगा ताकि हम भारत के साथ अपने साझा इतिहास में इस महत्वपूर्ण अवधि के बारे में और अधिक जान सकें।