तिनसुकिया । अरुणाचल प्रदेश के विभिन्न हिस्सों के साथ तिनसुकिया के कई अचलों में जहां लकडी की तस्करी जारी है, वहीं तिनसुकिया के बेंगपोखरी , लालबंग्ला, चिरवापट्टी  सहित कई अं चलों  के टिम्बर  की दुकानों पर सरकार क राजस्व का चुना लगा, वन विभाग के अवैध दस्तावेजों के सहारे टिंबर की बिक्री हो रही है। 

कल रात को अखिल असम मोरान छात्र संस्था सहित कई संगठनों  ने अवैध ढंग  से  काठ ले जा  रहे दो ट्रको  को पकड़ कर पुलिस के हवाल किया। 

12 चक्कों  के दोनों ट्रकों  में  लदा काठ  को अरुणाचल प्रदेश के नामसाई अंचल से  लाकर  तिनसुकिया के रास्ते  राज्य से बाहर भेजा जा रहा था, पर मोरान छात्र संस्था के प्रयास से दोनों ट्रक पकडे गए ।

इसके बाद यह सच्चाई उजागर हुई कि काठों  की तस्करी एक लम्बे  अर्से से जारी है और वन मंत्री प्रमिला रानी ब्रह्म के वन विभाग के अधिकारी आंख मूंदे बैठे हैं। वन विभाग के सुत्रों के अनुसार दोनों ट्रकों में लदे काठ  का मालिक तिनसुकिया के वाजिब खान एवं अरुणाचल प्रदेश के रामअवतार शर्मा है जो लंबे अर्से  से काठ की तस्करी में शामिल बताए जा रह हैं वन विभाग न दोनों  ट्रकों  पर लदे काठ को ज़ब्त किया गया है।