युवा खिलाड़ियों से सजी भारत की पुरुष हॉकी टीम रविवार को ओई हॉकी स्टेडियम में खेले गए दिन के पहले क्वार्टर फाइनल मुकाबले में ब्रिटेन को 3-1 से हराकर टोक्यो ओलंपिक के चार दशक बाद पहली बार सेमीफाइनल में पहुंच गई है। 41 साल के अंतराल के बाद सेमीफाइनल में पहुंचने वाली भारतीय टीम के लिए दिलप्रीत सिंह ने सातवें, गुरजंत सिंह ने 16वें और हार्दिक सिंह ने 57वें मिनट में गोल किया। ब्रिटेन के लिए एकमात्र गोल सैमुएल वार्ड ने 45वें मिनट में किया।

सेमीफाइनल में भारत का सामना विश्व चैम्पियन बेल्जियम से होगा, जिसने तीसरे क्वार्टर फाइनल मैच में स्पेन को 3-1 से हराया। बेल्जियम को हराकर भारत 1980 के बाद पहली बार फाइनल में पहुंचना चाहेगा, जब उसने स्पेन को हराकर अपना आठवां स्वर्ण पदक जीता था। बेल्जियम के हाथों हार के बाद भारत को फिर से कांस्य पदक के लिए भिडऩा होगा।

भारत अगर जीत हासिल करने में सफल रहा तो उसका सामना आस्टे्रलिया या जर्मनी से होगा क्योंकि दूसरे सेमीफाइनल में आस्टे्रलिया और जर्मनी की टीमें भिड़ेंगी। जर्मनी ने जहां दिन के पहले मुकाबले में ओलंपिक चैम्पियन अर्जेंटीना को 3-1 से हराया वहीं आस्टे्रलिया ने नीदरलैंड्स को पेनाल्टी शूटआउट के बाद 3-0 से हराया।