भारत की चाइनीज एप्स बैन करने की रणनीति का असर दिख रहा है। चीनी मीडिया ऑर्गेनाइजेशन ग्लोबल टाइम्स के अनुसार भारत में टिकटॉक बैन के बाद बाइटडांस को 45 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा का नुकसान हुआ है। रिपोर्ट में कहा गया है कि टिकटॉक और हेलो जैसे एप्स बैन किए जाने का असर बाइटडांस के बिजनस पर पड़ सकता है। चीन के बाद भारत टिकटॉक का सबसे बड़ा बाजार था। भारत में गूगल प्ले स्टोर से टिकटॉक को करीब 66 करोड़ बार डाउनलोड किया गया था। फिलहाल इस एप को प्ले स्टोर से हटा दिया गया है।

इंडस्ट्री रिपोर्ट्स के मुताबिक, चीन से बाहर भारत टिकटॉक का सबसे बड़ा मार्केट था। पब्लिकेशंस की मानें तो इसका असर चाइनीज ट्रेडर्स और इन्वेस्टर्स पर भी देखने को मिलेगा। एक्सपर्ट्स ने कहा, 'भारत सरकार के इस फैसले के बाद चाइनीज निवेशकों और बिजनसेज को भी झटका लगा है।' बाइटडांस को ऐप पर ऐड्स दिखाने और और तरीकों से जो रेवन्यू होता था, बैन के चलते वह भी जीरो हो गया है। कंपनी के ऐप्स और खासकर टिकटॉक भारत के छोटे-बड़े शहरों में तेजी से पॉप्युलर हो गया था।  

भारत सरकार की ओर से चाइनीज ऐप्स पर बैन लगाने का फैसला देश के नागरिकों के डेटा की सिक्यॉरिटी को वजह बताते हुए लिया गया है। हालांकि, माना जा रहा है कि भारत-चीन सीमा पर देखने को मिले तनाव के चलते सरकार ने ऐसा किया है। गलवान घाटी में हुए संघर्ष में 20 जवानों के शहीद होने के बाद से ही सोशल मीडिया पर भी चीन के प्रोडक्ट्स और ऐप्स का बायकॉट करने की मांग तेज हो गई है। साथ ही टिकटॉक के कई क्लोन ऐप्स अब वायरल हो रहे हैं।