प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस बार के लोकसभा चुनाव में किसी प्रकार की सत्ता विरोधी लहर होने से साफ इंकार करते हुए रविवार को दावा किया कि उनकी सरकार ने कभी भी महत्वपूर्ण और कठोर निर्णय लेने में विलंब नहीं किया। मोदी ने पूर्व निर्धारित कार्यक्रम से तीन घंटे विलंब से हाप्ता कांग्जीबंग में भारतीय जनता पार्टी की चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कहा कि बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी से पता चलता है कि लोग उनका समर्थन कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि लोगों के समर्थन के बल पर ही वह कठोर निर्णय ले पाते हैं।



उन्होंने लोगों से जानना चाहा कि वे चौकीदार और उसकी कार्यप्रणाली से खुश हैं या नहीं? प्रधानमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार के किये गये कार्याें के चलते संपर्क सुविधाओं में विस्तार हुआ तथा नाकेबंदी एवं हिंसा खत्म हुई। उन्होंने कहा कि वैश्विक स्तर पर भारत का स्तर काफी ऊंचा हो चुका है।


उन्होंने कहा कि हैरानी की बात यह है कि इस बार कोई सरकार विरोधी लहर नहीं है क्योंकि लोग विपक्षी दलों के खिलाफ हैं। मोदी ने कहा कि कांग्रेस और उसके सहयोगियों की आगामी लोकसभा चुनावों में अच्छी संभावनाएं नहीं हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस वही कर रही है जो पाकिस्तान करना चाहता था। और यह भी जोड़ा कि लोगों को सशस्त्र बलों में विश्वास है और कोई भी नयी दिल्ली में तथा कश्मीर में दो प्रधानमंत्रियों को नहीं देखना चाहता है।

मोदी ने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस के साथ लडऩे वाले और मणिपुर के मोइरांग में पहली बार तिरंगा फहराने वालों को कांग्रेस पार्टी को सजा देनी चाहिए। मणिपुर और क्षेत्र को विनिर्माण केंद्र बनाने के राहुल गांधी के वादे पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री ने सवाल किया कि पार्टी इतने लंबे समय तक क्या कर रही थी? उन्होंने कहा कि कांग्रेस झूठ के निर्माण में सबसे आगे है।


उन्होंने अपनी सरकार की उपलब्धियों की चर्चा करते हुए कहा कि जब वह सत्ता में आए थे तब भारत में केवल दो मोबाइल विनिर्माण इकाइयां थीं लेकिन अब 125 इकाइयां हैं। उन्होंने विश्वास दिलाया कि रेलवे के काम में तेजी लाई गई है और जल्द ही पूर्वाेत्तर राज्यों को जोड़ा जाएगा। उन्होंने सवाल किया कि रेलवे और अन्य महत्वपूर्ण कार्य इतने लंबे समय से लंबित क्यों थे? उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने कभी मैरी कॉम, कुंजरानी, मणिपुर के बोम्बायला जैसी खेल हस्तियों का सम्मान नहीं किया और इसके लिए कांग्रेस को 'लाल कार्ड' दिया जाना चाहिए।


उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेता चुनाव के बाद नहीं दिखेंगे। उन्होंने कहा कि महिलाओं की मदद के लिए मणिपुर में महिला बाजारों का निर्माण किया गया है और युवाओं की मदद के लिए नीतियां बनाई गई हैं। पूर्वाेत्तर के राज्यों के लिए बंगालारू में एक महिला छात्रावास स्थापित करने की लंबे समय से लंबित मांग को भी मंजूरी दी गई। किसानों पर विशेष ध्याल दिया जाएगा और अब बांस की खेती कानूनी रूप से की जा सकती है। मोदी ने कहा कि मणिपुर में लगभग तीन लाख लोग आयुष्मान योजना के तहत लाभान्वित होंगे और लगभग एक लाख महिलाओं को मुफ्त रसोई गैस कनेक्शन दिए गए हैं।


मोदी शाम लगभग सवा पांच बजे यहां पहुंचे। हालांकि उन्हें करीब 1400 बजे यहां उतरने का समय पहले से तय था। इम्फाल हवाई अड्डे से वह एक हेलीकॉप्टर पर सवार हुए और कंगला पहुंचे जहां से वह सड़क मार्ग से सार्वजनिक सभा स्थल पहुंचे। उन्होंने आधे घंटे तक रैली को संबोधित किया। राज्य में उग्रवादी संगठनों ने प्रधानमंत्रियों की रैली का विरोध करने के लिए आज अपराह्न एक बजे से 17 घंटे का बंद का आह्वान किया था। बंद के बावजूद कोई अप्रिय घटना नहीं हुई। मणिपुर स्थित उग्रवादी संगठन कोर कॉम ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यात्रा का बहिष्कार करने का फैसला किया था। इसके कारण राज्य में हाई अलर्ट जारी किया गया था और सुरक्षाकर्मी सभी महत्वपूर्ण स्थानों पर तैनात थे। साथ ही मोदी के सभा स्थल के आस-पास सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किये गये थे।