यूपी के प्रतापगढ़ में सपा (SP) की जनसभा सियासी लड़ाई का अखाड़ा बन गई। विधानसभा टिकट (Assembly ticket) के आधा दर्जन दावेदार नेता मंच पर बैठे थे और उनसे मारपीट की गई। इस पिटाई में संभावित उम्मीदवारों के कपड़े तक फाड़ डाले गए। सपा की जनसभा में समाजवाद की धज्जियां उनके ही नेताओं ने उड़ा दीं। जनसभा के दौरान पूर्व कैबिनेट मंत्री शिवाकांत ओझा के समर्थकों ने मंच पर दौड़ा-दौड़ा कर सपा नेताओं और पूर्व विधायकों को पीटना शुरू कर दिया।

यह मामला रानीगंज कोतवाली के मिर्जापुर चौराही इलाके का है। यहां आज सपा की तरफ से विशाल जनसभा का आयोजन किया गया था। इस जनसभा में बतौर मुख्य अतिथि सूबे के पूर्व कैबिनेट मंत्री आरके चौधरी भी शामिल हुए। लेकिन उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2022 को लेकर पूर्व मंत्री शिवाकांत ओझा के समर्थकों ने पूर्व विधायक श्याद अली और सपा नेता बृजेश यादव समेत दर्जन भर सपाइयों को जमकर पीट दिया। यह पिटाई जनसभा के मंच पर होती रही, इस दौरान अफरातफरी का माहौल बन गया। सपा के टिकट के दावेदार और पिटे हुए नेता नारेबाजी करते हुए जनसभा का बहिष्कार कर मौके से चले गए। जनसभा में बवाल के दौरान असलहे भी लहराए गए।

दरअसल यह पूरा हंगामा पूर्व विधायक श्याद अली द्वारा मंच से पूर्व मंत्री शिवाकांत ओझा को नसीहत देने के बाद शुरू हुआ। नसीहत सुनने के बाद शिवाकांत खुद श्याद अली के पास पहुंचे फिर उन्होंने अपने समर्थकों को इशारा कर सपा नेताओं को खूब पिटवाया। इस पिटाई से आक्रांत सपा नेताओं और टिकट दावेदारों ने मंच से मंच से कूदकर जान बचाई और भागे।

विधानसभा रानीगंज से टिकट मांग रहे सपा नेता बृजेश यादव का आरोप है कि जनसभा के मंच पर पूर्व मंत्री शिवाकांत ने जमकर गुंडई कराई। उन्होंने दौड़ा-दौड़ाकर उनको मंच पर पिटवाया गया। उनके कपड़े तक फाड़ डाले गए। उन्होंने पूर्व मंत्री शिवाकांत ओझा को सपा पार्टी से निकालने की मांग की। वहीं शिवाकांत ओझा ने कहा कि मंच पर कुछ बात हुई है। ये सब कार्यकर्ताओं के बीच होता रहता है। मारपीट किसी के साथ नहीं की गई है।