जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में आतंकी संगठन के आत्मघाती हमले ने सारी दुनिया को हिलाकर रख दिया है। आतंकी संगठन ने भारत के 44 जवानों के जिस तरह से चिथ्ड़े उठाए हैं इनके एक-एक कतरे के बदला लेने के लिए भारत के लोग केंद्रीय सरकार से गुहार कर रहे हैं कि इस संगठन के हर एक शक्स को दर्दनाक मौत के हवाले करना चाहिए। इस हमले के कारण भारतीयों का गुस्सा चरम पर है।

इस घटना को लेकर भारत के हर कोने कोने में काला दिन मनाया गया और साथ ही केन्डल मार्च भी निकाला। असम की राजधानी गुवाहाटी में सुबह गुस्साए लोगों ने सड़कों पर उतर कर पाकिस्तान के खिलाफ जमकर नारे लगाए और पाकिस्तान का झंड़ा जलाया। सीआरपीएफ के 44शहीद जवानों के गम में गमगीन लोगों ने दीप जलाकर श्रद्धांजली दी। आमबाड़ी  में गोरिया-मोरिया देश परिषद के सदस्यों ने पाकिस्तान के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया।

वहीं दूसरी ओर शहीदों के दर्द में लोगों ने फैंसी बजार में मशाल जुलूस निकाला और पाकिस्तान परस्तॊ आतंकियों के इस कायराना हरकतों की निंदा करते हुए पाकिस्तान मुर्दाबाद के नारे लगाए। इसी के साथ सीआरपीएफ जवानों को प्रदेश बीजेपी मुख्यालय हेंगड़ाबाड़ी में श्रद्धांजली सभा आयोजित की गई।इस श्रद्धांजली सभा में बीजेपी अध्यक्ष रंजीत कुमार दास के साथ बड़ी संख्या में उपस्थित नेता और कार्यकर्ताओं ने दो मिनट का मौन धारण किया और दीप जलाकर श्रद्धांजली दी।

भारत के इस दर्दनाक हादसे में असम का एक जवान मनेश्वर बसुमतारी भी शामिल था। राज्य के सीएम सोनोवाल, बीजेपी अध्यक्ष रंजीत दास और मंत्री भवेश कलिता ने शहिद मानेश्वर बसुमतारी के परिजनों से ढाढस बंधाया और कहा कि सरकार निर्दोष जवानों पर आक्रमण करने वाले आतंकरियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाही करेगी और इस हमले का मुंह तोड़ जवाब देगी।