उत्तर प्रदेश व उत्तराखंड में (Assembly elections 2022 in Uttar Pradesh) विधानसभा चुनाव 2022 से पहले प्रदेशवासियों को बड़ी खुशखबरी मिली है. उत्तर प्रदेश का पड़ोसी राज्य उत्तराखंड से 21 साल पुराना संपत्तियों का बंटवारा हो गया है. इसे आज सोमवार को अंतिम रूप दे दिया गया है. 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Chief Minister Yogi Adityanath) और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (Chief Minister Pushkar Singh Dhami) का नतीजा आज सामने आ गया है. फैसले के अनुसार हरिद्वार कुंभ मेले की ( Land of Haridwar Kumbh Mela will remain with UP) जमीन यूपी के पास ही रहेगी. साथ ही धौरा, बैगुल, नानक सागर जलाशय उत्तराखंड को मिल गए हैं. 

उधम सिंह नगर किच्छा बस स्टैंड (Udham Singh Nagar Kichha Bus Stand) भी उत्तराखंड के हिस्से आया है. वहीं उत्तराखंड को अलका नंदा पर्यटक आवास हरिद्वार भी मिल गया है. इसके अतिरिक्त बनबसा बैराज का मेंटेनेंस यूपी सरकार करवाएगी.

बता दें कि पिछले महीने लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी से साथ भेंट के दौरान उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 21 साल से लंबित मामले को उठाया था. इसके बाद दोनों राज्यों के अधिकारियों ने दोनों मुख्यमंत्रियों के सामने सारे विवाद को निपटा दिया था. उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा था कि दोनों राज्यों के बीच में 21 साल से जो मामले लंबित पड़े थे, उन पर अब सहमति बनी है.

खत्म हुआ 21 साल का विवाद

उस दौरान सीएम धामी ने कहा था कि सिंचाई विभाग की 5,700 हेक्टेयर भूमि पर दोनों राज्यों का संयुक्त रूप से सर्वे होगा. इसमें से जो भी जमीन यूपी के काम की है, वह यूपी को मिल जायेगी. बांकी की जमीन हम ले लेंगे. अब यूपी व उत्तराखंड के बीच 21 साल से चला आ रहा सारा विवाद खत्म हो गया है.

पिछले महीने हुई थी बैठक

गौरतबल है कि 21 साल से यूपी और उत्तराखंड के बीच संपत्तियों के बंटवारे को लेकर विवाद था. इन दिनों उन पर लगातार बात चल रही थी. पिछले महीने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की उत्तर प्रदेश के लखनऊ में बैठक हुई जिसमें सभी मामलों का निस्तारण हो गया.