देश की सबसे अमीर मुंबई महानगर पालिका का गुरुवार को वार्षिक बजट पेश हुआ. बीएमसी ने शैक्षिक बजट के साथ वार्षिक बजट पेश किया. इस बार बीएमसी ने 45949.21 करोड़ रुपये का बजट पेश किया है. इस साल बजट में 17.70 % की वृद्धि हुई है. एक तरफ बजट की तारीफ शिवसेना कर रही है, तो विपक्ष इसे सिर्फ चुनावी बजट कह रहा है. बजट में कोरोना को देखते हुए हेल्थ पर जोर दिया गया, तो दूसरी तरफ इंफ्रास्ट्रक्चर पर भी फोकस किया गया है. शिवसेना का दावा है कि इस बजट में वो सारे वादे पूरे किए गए, जो शिवसेना ने अपने मेनिफेस्टो में किए थे.

बीएमसी के बजट की धनराशि पर एक नजर

बीएमसी एजुकेशन बजट- 3,370 करोड़ रुपये

कुल बजट- 45949.21 करोड़ रुपये

प्रमुख बातों पर एक नजर

1. 500 स्क्वायर फीट और उससे कम से एरिया के मकानों को राहत दी गई. 16 लाख 14 हज़ार मुबई के नागरिकों को प्रॉपर्टी टैक्स में राहत दी गई है. कोरोना काल को देखते हुए प्रॉपर्टी टेक्स में बढ़ोतरी नही की गई.

2. करीब 3200 करोड़ रुपये कोस्टाल रोड के लिए दिए गए. मुलुंड गोरेगांव लिंक रोड के लिए 1300 करोड़ का बजट.

3. मुंबई के स्वास्थ्य इंफ्रास्ट्र्क्चर के लिए 2660 करोड़ रुपये का प्रावधान. मुंबईकरों के स्वास्थ्य के लिए मुंबई में बनेंगे नये शिव योग केंद्र. 200 केन्द्रों की स्थापना हेतु 30 करोड़ रुपये का प्रावधान.

4. आर्थिक तंगी से जूझ रही बेस्ट (BEST) को उबारने के लिए 800 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया.

5. बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए 'ईज ऑफ डूइंग बिजनेस' के लिए 10 करोड़ का प्रावधान.

6. भयखल्ला स्थित चिड़ियाघर के लिए 115 करोड़ रुपये की घोषणा.

7. पुराने पुल / ब्रिजेस का मरम्मत और नए पुल बनाने के लिए ब्रिजेस को 1576.66 करोड़ का प्रावधान.

8. मुंबई बाढ़ मुक्त और 526 करोड़ रुपये का वर्षा जल संचयन प्रावधान.

9. मुंबई के फायर ब्रिगेड को और सक्षम बनाने के लिए 365 करोड़ रुपये का प्रावधान.

इस बजट को लेकर शिवसेना काफी उत्साहित है, तो दूसरी तरफ बीजेपी का आरोप है कि यह महज चुनावी बजट है. बीजेपी के मुताबिक यह बजट में अमीर लोगों को राहत दी गई है, तो आम जनता को कुछ नही मिला. बीएमसी के विरोधी पक्ष नेता रविराजा ने कहा कि इस बजट से खुश नही हैं. तो वहीं समाजवादी पार्टी के नेता रईस शेख ने कहा कि हेल्थ और शिक्षा की अनदेखी की गई है और एनसीपी की रेखा जाधव ने इसे एक मिला जुला बजट माना. इस बजट के बाद शिवसेना के हौसले बुलंद हैं. शिवसेना ने इस बजट को  एकदम सही माना है. स्थायी समिति के अध्यक्ष यशवंत जाधव का कहना है के विपक्ष राजनीति करती रहे लेकिन हमने अपना वचन पूरा किया.