देश की दिग्गज वाहन निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी ने आज जानकारी दी है कि इसने देश के ग्रामीण बाजारों में संचयी बिक्री में 50 लाख यूनिट्स की बिक्री पूरी कर ली है। इसके साथ ही कंपनी ने यह भी बताया है कि कंपनी के कुल बिक्री में रुरल इंडिया का 40 प्रतिशत का योगदान है। मारुति ने भारत के विविध क्षेत्रों में अपनी उपस्थिति और पहुंच के बारे में बताता हुए यह भी बताया कि देश के ग्रामीण हिस्सों में इसके 1,700 से अधिक कस्टमाइज्ड आउटलेट हैं।

कंपनी लगातार ग्रामीण इलाकों में अपने पहुंच बढ़ा रही है और यही कारण है कि वित्त-वर्ष 2008-2009 के 10 प्रतिशत की सेल बढ़कर अब वित्त-वर्ष 2020-2021 में 40.9 प्रतिशत पर पहुंच गई है। सेल्स और पोस्ट-सेल्स चैनल्स को देखते हुए कंपनी को भरोसा है कि वह देश के ग्रामीण इलाकों पर अपनी पकड़ मजूबत कर लेगी।

मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड (MSIL) में मार्केटिंग एंड सेल्स के वरिष्ठ कार्यकारी निदेशक शशांक श्रीवास्तव ने कहा, “ग्रामीण बाजारों का हमारे व्यवसाय में एक विशेष स्थान है। हालांकि अपदेशीय ग्राहकों की ख्वाहिश महानगरों के समान ही होती है। वे अधिक ध्यान और देखभाल की मांग करते हैं।”

उन्होंने कहा कि MSIL ने अपने केंद्रित और संरचित दृष्टिकोण के साथ 2008 में ग्रामीण इलाकों की ओर फोकस किया जब ग्रामीण इलाके वैश्विक वित्तीय संकट से सबसे कम प्रभावित था। इसके साथ ही स्माल और कॉम्पैक्ट कार सेगमेंट ने भी इसको बढ़ने में मदद की। कंपनी ने आगे दावा किया कि विशेष रूप से ग्रामीण ग्राहकों के लिए स्थानीय भाषा में डिजाइन किए गए कैंपेन ने कंपनी के पक्ष में काम किया है।

जहां मारुति ने ग्रामीण पैसेंजर व्हीकल सेगमेंट पर मजबूत पकड़ बना रखी है। इसके बाद कंपनी ने सेल्स और सर्विस नेटवर्क की अपनी नेक्सा चेन के माध्यम ने खुद को एक प्रीमियम विकल्प के रूप में पेश किया और ग्राहकों को नए ऑप्शन दिए। बता दें कि कंपनी की चुनिंदा कारों को नेक्सा के माध्यम से पेश किया जाता है जबकि अन्य को एरिना श्रृंखला के माध्यम से पेश किया जाता है।